{"_id":"5d583f4b8ebc3e898b24d50c","slug":"hiccup-documentary-shown-to-students-haridwar-news-drn316631421","type":"story","status":"publish","title_hn":"हिचकी डॉक्यूमेंट्री दिखाकर बढाई छात्रों की संघर्ष क्षमता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हिचकी डॉक्यूमेंट्री दिखाकर बढाई छात्रों की संघर्ष क्षमता
Sun, 18 Aug 2019 10:21 AM IST
देहरादून ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
Published by: देहरादून ब्यूरो
Updated Sun, 18 Aug 2019 10:21 AM IST
विज्ञापन
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय के शारीरिक शिक्षा एवं खेल विभाग की ओर से एमपीएड, बीपीएड और बीपीईएस पाठयक्रम के छात्रों के बौद्घिक और शैक्षिक विकास बढ़ाने के लिए डॉक्यूमेंट्री ‘हिचकी’ की प्रस्तुति सेमिनार हॉल के प्रोजेक्टर से की गई। इसकी पटकथा में शारीरिक विषमता को एक चुनौती के रूप में स्वीकार करते हुए लक्ष्य प्राप्ति का चित्रण किया गया है।
विज्ञापन
विभागाध्यक्ष प्रो. आरकेएस डागर ने बताया कि एनसीटीई के मानकों के अनुसार प्रशिक्षु शारीरिक शिक्षकों को प्रशिक्षण के दौरान इंट्रामूलर एक्टीविटी में बौद्घिक विकास और लक्ष्य प्राप्ति के माध्यमों से प्रेरित करने के लिये इस प्रकार की गतिविधियां बेहद जरूरी हैं। शारीरिक शिक्षक डॉ. शिवकुमार चौहान ने बताया कि डॉक्यूमेंट्री में वर्तमान में हिचकी जैसी बीमारी होने के कारण जीवन की परिस्थितियो को और विकट होते हुए दृशाया गया है।
विज्ञापन
लेकिन, अंत में नायिका के संघर्ष की विजय होती है। जिससे यह शिक्षा मिलती है कि दृढ इच्छा शक्ति होने पर रास्ता कितना भी जटिल हो अंत में लक्ष्य प्राप्त जरूर होता है। डॉ. अजय मलिक समेत एमपीएड के छात्र दिवाकर, शुभम पोखरियाल और अमन आदि छात्रोें ने भी इसे प्रेरक डॉक्यूमेंट्री बताया।
विज्ञापन
इस अवसर पर डॉ. कपिल मिश्रा, डॉ. अनुज कुमार, डॉ. प्रणवीर सिंह, सुनील कुमार, दुष्यंत राणा और कार्यक्रम के संचालक कनिष्क, संतोष रॉय, अश्विनी कुमार, धर्मेंद्र बिष्ठ आदि रहे।