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तीन घंटे खड़ी रहने के बाद लौटीं रोडवेज बसें, नहीं मिलीं सवारियां
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लोहाघाट बस स्टेशन में खड़ी रोडवेज बसें।
- फोटो : AMAR UJALA
अमर उजाला ब्यूरो, चंपावत/लोहाघाट। चंपावत जिले के पहाड़ी हिस्से चंपावत और लोहाघाट से रोडवेज बस सेवा का संचालन दूसरे दिन भी नहीं हो सका। यात्रियों की बेहद कम आमद होने से ये नौबत आई है। करीब तीन घंटे तक लोहाघाट के रोडवेज बस स्टेशन पर मुसाफिरों का इंतजार करने के बाद दोनों बसें निरस्त कर दी गई।
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लॉकडाउन के बाद पहली बार 25 जून से रोडवेज बस सेवा का संचालन शुरू किया गया। शुरुआत में रोडवेज के लोहाघाट डिपो से दो बसों के चलने की अनुमति दी गई। एक बस लोहाघाट से हल्द्वानी और दूसरी लोहाघाट से नैनीताल भेजी जानी थी, लेकिन ये दोनों बसें दूसरे दिन भी संचालित नहीं हो पाईं। वरिष्ठ स्टेशन प्रभारी भुवन चंद्र आर्या ने बताया कि शुक्रवार को रोडवेज स्टेशन पर दोनों बसें सुबह आठ बजेे से खड़ी हो गईं। मगर साढ़े आठ बजे चलने वाली नैनीताल की बस में सिर्फ एक सवारी मिली। 9:30 बजे हल्द्वानी जाने वाली दूसरी बस को एक भी सवारी नहीं मिली। रोडवेज प्रबंधन ने सुबह 11 बजे रोडवेज बस को निरस्त करने का निर्णय लिया।
निगम मुख्यालय द्वारा जारी दिशा-निर्देश के तहत रोडवेज बस के संचालन के लिए 50 प्रतिशत सवारी का होना आवश्यक है। मगर बृहस्पतिवार की तरह ही दूसरे दिन शुक्रवार को भी यात्री नहीं मिले। बृहस्पतिवार को दो, तो शुक्रवार को महज एक यात्री आया था। वहीं रोडवेज प्रबंधन ने बताया कि यात्रियों को बस सेवा का लाभ लेने के लिए ऑनलाइन बुकिंग कराना भी जरूरी कर दिया गया है।
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