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सड़क नहीं तो एक सितंबर से चक्का जाम
ब्यूरो/अमर उजाला, बागेश्वर।
Updated Wed, 23 Aug 2017 11:19 PM IST
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- फोटो : amar ujala
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स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के गांव मटेना के लिए आजादी के 70 साल बाद भी सड़क नहीं बनी है। सड़क बनाने की मांग को लेकर मटेना के ग्रामीणों ने डीएम को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा शीघ्र सड़क नहीं बनी तो एक सितंबर से धरना-प्रदर्शन और चक्का जाम किया जाएगा।
ग्राम प्रधान शकुंतला कांडपाल के नेतृत्व में मटेना के ग्रामीणों ने डीएम रंजना से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने कहा कि मटेना स्वतंत्रता सेनानियों का गांव है। इसके बावजूद इस गांव के लिए अब तक सड़क नहीं बनाई गई है। ग्रामीणों को कोरे आश्वासन दिए जाते हैं। कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बागेश्वर में आयोजित जनता दरबार में गरुड़ से मटेना गांव को सड़क बनाए जाने की घोषणा की थी। आज तक सड़क बनाए जाने को लेकर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। ग्रामीण स्वयं को ठगा महसूस कर रहे हैं। सड़क नहीं होने से ग्रामीणों को 108 सेवा का लाभ भी नहीं मिल पा रहा है। मरीजों को डोली में अस्पताल ले जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने एक सप्ताह के भीतर सड़क निर्माण की कार्रवाई शुरू नहीं होने पर एक सितंबर से गरुड़ में धरना-प्रदर्शन व चक्का जाम करने की चेतावनी दी। ज्ञापन सौंपने वालों में कैलाश चंद्र जोशी, प्रयाग जोशी, केवलानंद जोशी आदि थे।
ग्राम प्रधान शकुंतला कांडपाल के नेतृत्व में मटेना के ग्रामीणों ने डीएम रंजना से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने कहा कि मटेना स्वतंत्रता सेनानियों का गांव है। इसके बावजूद इस गांव के लिए अब तक सड़क नहीं बनाई गई है। ग्रामीणों को कोरे आश्वासन दिए जाते हैं। कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बागेश्वर में आयोजित जनता दरबार में गरुड़ से मटेना गांव को सड़क बनाए जाने की घोषणा की थी। आज तक सड़क बनाए जाने को लेकर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। ग्रामीण स्वयं को ठगा महसूस कर रहे हैं। सड़क नहीं होने से ग्रामीणों को 108 सेवा का लाभ भी नहीं मिल पा रहा है। मरीजों को डोली में अस्पताल ले जाना पड़ता है। ग्रामीणों ने एक सप्ताह के भीतर सड़क निर्माण की कार्रवाई शुरू नहीं होने पर एक सितंबर से गरुड़ में धरना-प्रदर्शन व चक्का जाम करने की चेतावनी दी। ज्ञापन सौंपने वालों में कैलाश चंद्र जोशी, प्रयाग जोशी, केवलानंद जोशी आदि थे।
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