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Bageshwar News: रूट डायवर्जन से प्रभावित हुईं स्कूल बसें

Fri, 15 May 2026 10:38 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर Updated Fri, 15 May 2026 10:38 PM IST
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School buses affected by route diversion
बागेश्वर। जिला मुख्यालय की सरयू और गाेमती पुल पर भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक शुक्रवार से प्रभावी हो गई है। परीक्षण के दौरान पुलों को मानक के अनुरूप नहीं पाए जाने के बाद यह निर्णय लिया गया है। इस फैसले का असर बसों पर भी पड़ रहा है। बाईपास से आवागमन करने के कारण बसों को 10-12 किमी की अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है।
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नगरपालिका क्षेत्र में संचालित हो रहे विद्यालयों के करीब 2000 विद्यार्थी बस सेवा का लाभ उठाते हैं। स्कूल बस रोजाना नगरीय और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से छात्र-छात्राओं को स्कूल पहुंचाती हैं। रूट डायवर्ट होने के कारण स्कूल बसें नगर में प्रवेश करने के बजाय आरे-द्यांगण, मंडलसेरा-भागीरथी और चंडिका मंदिर-विकास भवन मार्ग वाले बाईपास से होकर गुजर रही हैं। इसमें अतिरिक्त समय लग रहा है। बसों की टाइमिंग बढ़ने से विद्यार्थियों को स्कूल आने और घर पहुंचने के समय में भी बदलाव करना पड़ रहा है। सुबह बच्चों को घर से जल्दी आना पड़ रहा है जबकि शाम को घर पहुंचने में अन्य दिनों की अपेक्षा देरी हो रही है।
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कोट
सरकार ईधन बचाने की बात कह रही है। नगर में रूट डायवर्ट होने से स्कूल बसों में डीजल की खपत बढ़ गई है। छात्र-छात्राओं को भी स्कूल आने-जाने के समय में बदलाव करने के कारण परेशानी उठानी पड़ रही है। पुलों की मरम्मत का काम जल्द किया जाना चाहिए। - उमेश जोशी, कोषाध्यक्ष, पब्लिक स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन, बागेश्वर
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कोट

जोखिम को दूर करने के लिए पुलों की मरम्मत होनी जरूरी है। हालांकि इसके कारण स्कूल बसों पर अधिक प्रभाव पड़ रहा है। स्कूल प्रबंधनों को भी ईधन की खपत बढ़ने से नुकसान उठाना पड़ेगा। शासन-प्रशासन से मांग रहेगी कि जल्द पुलों की मरम्मत का काम कर पूर्ववत स्थिति बनाई जाए। - गौरव पंत, सचिव, पब्लिक स्कूल एसोसिएशन, बागेश्वर


कोट
सरयू और गोमती पुलों का नए स्तर से निर्माण करवाया जाना है। मंत्रालय को वार्षिक योजना में पुलों के निर्माण का प्रस्ताव भेजा गया है। इसकी स्वीकृति के लिए भारत सरकार को पत्र भेजा जा रहा है। पुलों की सर्वे और डीपीआर बनाने की कवायद भी चल रही है। - पीपी गोस्वामी, एई, एनएच
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