द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। ईड़ा में पानी दिलाने की मांग को लेकर आमरण अनशन 11वें दिन में प्रवेश कर गया है, लेकिन शासन, प्रशासन की ओर से समस्या का ठोस निराकरण नहीं किया गया है। इससे गुस्साए व्यापारियों ने शुक्रवार को जालली, बाराखाम और तिपौला बाजार पूरी तरह बंद रखे। आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं समेत भारी संख्या में ग्रामीण महिलाएं अनशन को समर्थन देने पहुंचीं।
ईड़ा गांव में शुक्रवार को विपिन चंद्र आर्य, मोहन सिंह, कमल सिंह, दीपक सिंह आमरण अनशन पर बैठे, जबकि उनके समर्थन में 75 वर्षीय जयंती देवी के नेतृत्व में वृद्धा माधवी देवी, गीता गौड़, तारा देवी, धर्मा देवी आदि उपवास पर बैठीं। आंदोलन को समर्थन देने के लिए कई लोग पहुंचे। वक्ताओं ने शासन प्रशासन और विभाग की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई। विभाग की तरफ से दिए जा रहे आश्वासन पूरे नहीं हुए हैं। पानी की किल्लत गहराई हुई है। वक्ताओं ने कहा कि आजकल खेती में व्यस्तता के दिन चल रहे हैं, लेकिन पानी की परेशानी को देखते हुए खेती छोड़कर आमरण अनशन करना पड़ रहा है। बुजुर्ग महिलाएं भी समर्थन में उपवास कर रही हैं। कहा कि समस्या का स्थायी समाधान होने के बाद ही आंदोलन खत्म किया जाएगा। इधर व्यापारियों ने भी अनशन को समर्थन दिया, इसलिए व्यापार मंडल ने जालली, बाराखाम और तिपौला में बाजार बंद रखे।