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डढोली ग्राम पंचायत में तीन दिनों से पानी के लिए मचा हाहाकार
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द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। बिपिन त्रिपाठी कुमाऊं इंजीनियरिंग कॉलेज से संबद्ध पेयजल योजना से जुड़े डढोली आदि क्षेत्रों में पिछले तीन दिनों से पानी के लिए हाहाकार मचा हुआ है। गगास नदी से बनी इस पेयजल योजना का पुनर्गठन नहीं होने से पाइप लाइनें जीर्ण-शीर्ण हो चुकी हैं, जिसके चलते आए दिन दिक्कतें हो रही हैं।
ग्रामीण पुनर्गठन की मांग लंबे समय से कर रहे हैं, लेकिन आंशिक सुधार कर दिया जाता है और पाइप लाइनें फिर फट जाती हैं। जल संस्थान द्वारा टैंकर से पानी बांटा जा रहा है, लेकिन वह भी नाकाफी साबित हो रहा है।
बता दें कि गगास नदी से यह पेयजल योजना 12 से 13 किमी लंबी है।
वर्षों से योजना का पुनर्गठन नहीं होने से अक्सर पाइप लाइनें फट रही हैं और आए दिन यहां पानी की आपूर्ति बाधित रहती है। पाइप लाइनें टूटने से पिछले तीन दिनों से यहां आपूर्ति बाधित चल रही है। ग्राम पंचायत निधि से लगे पांच हजार लीटर क्षमता के सोलर वाटर सिस्टम पर ही लोग निर्भर हैं। यहां अक्सर पानी के लिए लोगों का जमावड़ा लगा रहता है।
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ग्रामीणों ने विधायक निधि से एक और हैंडपंप लगाने की मांग की है। इसके अलावा भौंरा, रवां, गौचर, मायापुरी आदि क्षेत्रों में आए दिन पानी की समस्या रहती है। राज्य आंदोलनकारी विरेंद्र बजेठा ने पेयजल महकमे से शीघ्र इंजीनियरिंग कॉलेज पेयजल योजना से डढोली, भौंरा, मायापुरी, गौंचर की पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की है।
-योजना के तहत फाल्ट को फिलहाल ठीक कर दिया गया है। शीघ्र ही पेयजल आपूर्ति को बहाल कर दिया जाएगा।
-एसएस रौतेला, कनिष्ट अभियंता, जल संस्थान, द्वाराहाट।
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ग्रामीण पुनर्गठन की मांग लंबे समय से कर रहे हैं, लेकिन आंशिक सुधार कर दिया जाता है और पाइप लाइनें फिर फट जाती हैं। जल संस्थान द्वारा टैंकर से पानी बांटा जा रहा है, लेकिन वह भी नाकाफी साबित हो रहा है।
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बता दें कि गगास नदी से यह पेयजल योजना 12 से 13 किमी लंबी है।
वर्षों से योजना का पुनर्गठन नहीं होने से अक्सर पाइप लाइनें फट रही हैं और आए दिन यहां पानी की आपूर्ति बाधित रहती है। पाइप लाइनें टूटने से पिछले तीन दिनों से यहां आपूर्ति बाधित चल रही है। ग्राम पंचायत निधि से लगे पांच हजार लीटर क्षमता के सोलर वाटर सिस्टम पर ही लोग निर्भर हैं। यहां अक्सर पानी के लिए लोगों का जमावड़ा लगा रहता है।
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ग्रामीणों ने विधायक निधि से एक और हैंडपंप लगाने की मांग की है। इसके अलावा भौंरा, रवां, गौचर, मायापुरी आदि क्षेत्रों में आए दिन पानी की समस्या रहती है। राज्य आंदोलनकारी विरेंद्र बजेठा ने पेयजल महकमे से शीघ्र इंजीनियरिंग कॉलेज पेयजल योजना से डढोली, भौंरा, मायापुरी, गौंचर की पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की है।
-योजना के तहत फाल्ट को फिलहाल ठीक कर दिया गया है। शीघ्र ही पेयजल आपूर्ति को बहाल कर दिया जाएगा।
-एसएस रौतेला, कनिष्ट अभियंता, जल संस्थान, द्वाराहाट।