फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Swaroopanand Saraswati honoured for jyotishpeeth shankaracharya

ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य पद पर स्वामी स्वरूपानंद का हुआ अभिषेक, विवाद कायम

Thu, 30 Nov 2017 02:42 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी Updated Thu, 30 Nov 2017 02:42 PM IST
विज्ञापन
Swaroopanand Saraswati honoured for jyotishpeeth shankaracharya
देश भर के मठों, अखाड़ों के संन्यासियों और विद्वानों ने लिया हिस्सा - फोटो : अमर उजाला
भारत धर्म महामंडल के एक धड़े ने बुधवार दोपहर द्वारिका शारदा पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती का ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य पद पर सविधि अभिषेक कर दिया। यह पूरी प्रक्रिया  मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिला स्थित परमहंसी गंगा आश्रम में संपन्न हुई।
विज्ञापन


अलग-अलग मठों अखाड़ों से जुटे संतों, संन्यासियों और विद्वानों ने मंत्रोच्चार के साथ शंकराचार्य का अभिषेक किया। इस दौरान मठाम्नाय अनुशासन के तहत पादुका पूजन के बाद सभी प्रक्रियाएं अपनाई र्गइं।
विज्ञापन


श्री भारत धर्म महामंडल के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सत्य नारायण पांडेय, डिपार्टमेंटल सेक्रेटरी शंभूनाथ चतुर्वेदी, उपाध्यक्ष शशि नंदन डर समेत अन्य प्रतिनिधियों ने परमहंसी आश्रम में वैदिक रीति के अनुसार आयोजित समारोह में हिस्सा लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


रजत सिंहासन पर विराजित शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद की संतों और विद्वानों ने पूजा कराई। इसके बाद उनका अभिषेक किया गया। इस मौके पर वेद वेदांग पुराण और शास्त्रों के जानकार उपस्थित थे।

समारोह के बाद वरिष्ठ उपाध्यक्ष सत्य नारायण पांडेय ने बताया कि भारत धर्म महामंडल की आल इंडिया काउसिंल ने बीते 24 नवंबर को बहुमत के आधार पर ज्योतिष पीठ  के शंकराचार्य पद पर स्वामी स्वरूपानंद के नाम का प्रस्ताव पारित किया था। 

स्वरूपानंद का अभिषेक अनुचित

Swaroopanand Saraswati honoured for jyotishpeeth shankaracharya
Swaroopanand Saraswati - फोटो : अमर उजाला
इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के क्रम में तीनों पीठों के शंकराचार्यों, अखाड़ों के संन्यासियों और देश भर के प्रतिष्ठित संतों तथा विद्वानों के अभिमत, मार्गदर्शन-सुझावों के आधार पर स्वामी स्वरूपानंद को इस पद के लिए योग्य पाया गया था।

उन्होंने कहा कि स्वामी स्वरूपानंद स्वामी ब्रह्मानंद की परंपरा के एकमात्र संत हैं। सर्वानुमति के आधार पर गीता जयंती पर उनका अभिषेक कराया गया। इधर, भारत धर्म महामंडल के जनरल सेक्रेटरी प्रो. शंभू उपाध्याय और चीफ सेक्रेटरी प्रो. प्यारे सिंह ने ज्योतिष पीठ  पर स्वामी स्वरूपानंद के अभिषेक को नियम के विपरीत बताया है।

कहा कि शृंगेरी और पुरी पीठ के शंकराचार्यों का मार्गदर्शन और अभिमत प्राप्त नहीं है। इस नाते से यह वैधानिक अभिषेक नहीं माना जाएगा। जल्द ही महामंडल इस मसले पर ठोस कदम उठाएगा। 
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed