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यूपी: भदोही में स्कूल वैन में लगी आग, 19 मासूम झुलसे, आठ की हालत गंभीर

Sun, 13 Jan 2019 04:02 PM IST
utpal utpal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भदोही
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भदोही Published by: utpal utpal Updated Sun, 13 Jan 2019 04:02 PM IST
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School van got fire in Bhadohi, 15 children burned
इसी वैन में लगी आग - फोटो : amar ujala
यूपी के भदोही जिले में शनिवार सुबह बच्चों को लेकर जा रही एक स्कूल वैन में लगे गैस सिलेंडर में आग लग गई। इसके बाद वैन में सवार स्कूली बच्चों की चीख-पुकार शुरू हो गई। जिससे मौके पर अफरातफरी मच गई। इस दुर्घटना में 19 बच्चे आग की चपेट में आने से झुलस गए। इनमें 20 से 70 फीसदी तक झुलसे 13 बच्चों को जिला अस्पताल से बीएचयू रेफर कर दिया गया। आठ बच्चों की हालत चिंताजनक बताई जा रही है।
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ज्ञानपुर नगर में नथई पुर रोड पर गोसाईं बाजार निवासी सुशील कुमार किराए के मकान में एससी कान्वेंट स्कूल नाम से स्कूल चलाता है। स्कूल की न तो मान्यता है न ही अन्य मानक पूरे होते हैं। बताया जाता है कि नवोदय विद्यालय में प्रवेश के लिए कोचिंग की आड़ में पांचवीं तक कक्षाएं भी संचालित हो रहीं थीं।
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स्कूल के बच्चों को एक मारुति वैन से लाया जाता था। शनिवार को चालक वैन से बच्चों को लेने गया था। शिवरामपुर, सरपतहा आदि गांवों के बच्चों को लेने के बाद वह लखनो में एक बच्चे को लेने गया था। वहां वैन बैक करते समय रसोई गैस सिलेंडर से संचालित वैन में गैस रिसाव के चलते आग लग गई। उस समय वैन में लगभग डेढ़ दर्जन बच्चे सवार थे।
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आग लगने के बाद चालक वैन का गेट लॉक छोड़कर फरार हो गया। वैन जलने लगी तो उसमें मौजूद बच्चे छटपटाने लगे। मौके पर मौजूद सीता शुक्ला (55) नाम की महिला ने दौड़कर बच्चों को निकालने का प्रयास शुरू किया। ग्रामीणों ने रंबा की मदद से वैन का गेट तोड़ा। लेकिन तब तक 14 बच्चे झुलस चुके थे। बच्चों को निकालने में महिला के अलावा उनके पति जटाशंकर भी झुलस गए।

ग्रामीणों ने 108 एंबुलेंस और पुलिस को सूचना दी। काफी देर तक एंबुलेंस नहीं पहुंची तो ग्रामीणों ने खुद ही बच्चों को जिला अस्पताल पहुंचाया। जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद 13 बच्चों और महिला सीता को बीएचयू रेफर कर दिया गया।

जानकारी मिलने के बाद डीएम, एसपी, एएसपी, एसडीएम ज्ञानपुर, सीओ समेत तमाम प्रशासनिक और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। जिला अस्पताल में भी गहमागहमी का माहौल हो गया। उधर नाराज ग्रामीणों ने लखनो में कुछ देर के लिए चक्काजाम कर दिया। पुलिस ने समझा कर हटाया। बताया जाता है कि वैन का भी फिटनेस नहीं था।  डीएम राजेंद्र प्रसाद का कहना है कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। आग कैसे लगी, इसका पता लगाया जाएगा। जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।  

झुलसे बच्चे
प्रिंस (5), विराट (5), रानी (5), अनिकेत (8), साधना (8), किंजल (6), गोविंद (10), नैंसी सिंह (11), आरुषि सिंह (8), अंश सिंह (8), भगवास निवासी आस्था (6), दिशा (5), आयुष (6), प्रियांश (9), माही (5), श्रेयांश (9), ओम (5), अश्वनी (5) और लखनो निवासी अभिषेक (3)।

कोचिंग की आड़ में चल रहा था स्कूल

School van got fire in Bhadohi, 15 children burned
घायल स्कूली बच्चे - फोटो : अमर उजाला
नथईपुर रोड पर मिल्की गांव के समीप स्थित एससी क्लासेस नाम से नवोदय विद्यालय में प्रवेश की तैयारी कराने के लिए कोचिंग कक्षाएं चलाई जाती थी। उसी की आड़ में संचालक पांचवीं तक स्कूल भी चलवाता था। स्कूल की न तो मान्यता थी न ही अन्य कोई मानक पूरे हो रहे थे। किराए के कमरे में एससी क्लासेज के नाम से बैनर लगाकर पीछे टीन शेड में स्कूल चलाया जाता है। स्कूल का कोई बोर्ड नहीं है, जबकि बच्चों को एससी कान्वेंट स्कूल के नाम का आईकार्ड जारी किया गया है।

जिले में 1143 प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक विद्यालयों के अलावा करीब 500 मान्यता प्राप्त विद्यालय संचालित होते हैं। शिक्षा विभाग की सूची में बिना मान्यता के स्कूलों की संख्या 89 है। हालांकि हकीकत में यह संख्या 250 के करीब है। शनिवार सुबह जिस स्कूल वैन में आग लगने की घटना  हुई, वह स्कूल भी गुप्त तरीके से चलाया जा रहा था। शिक्षा विभाग भी इससे अनजान था।

घटना के बाद जब पड़ताल शुरू हुई तो यह तथ्य सामने आए। नवोदय विद्यालय की प्रवेश परीक्षा की तैयारी कराने के नाम पर संचालक गुपचुप तरीके से विद्यालय चलवाता था। यहां तक कि स्कूल का कोई बोर्ड भी नहीं लगा है, लेकिन बच्चों को जो आईकार्ड जारी किया गया है, उस पर एससी कॉन्वेंट स्कूल लिखा है।

जुलाई में विद्यालय खुलने के बाद शासन के निर्देश पर डीएम ने अवैध स्कूलों को बंद कराने के लिए टीमें गठित की, लेकिन तीन से चार माह बाद भी  टीमें एक भी विद्यालय पर नहीं पहुंचीं। अभोली, सुरियावां, चौरी, औराई, डीघ इलाकों में भी कोचिंग की आड़ में अवैध स्कूलों का संचालन हो रहा है।
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