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आरटीई लॉटरी : बच्चों को प्रवेश दिलाने में मिर्जापुर और वाराणसी फिसड्डी, कितने फीसदी बच्चों ने लिया प्रवेश ?
Thu, 25 Aug 2022 07:39 AM IST
वाराणसी ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 25 Aug 2022 07:39 AM IST
सार
पूर्वांचल में शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत दाखिले के लिए अभिभावक लॉटरी के नाम पर धोखेबाजी का मामला सामने आया है। स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना की तरफ से सूची जारी की गई है।
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शिक्षा का अधिकार
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विस्तार
पूर्वांचल में शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत दाखिले के लिए अभिभावक लॉटरी में नाम निकलने के बाद भी दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं। स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना की तरफ से जारी सूची में इसका खुलासा हुआ है। महानिदेशक ने सभी जिलों के जिलाधिकारियों को पत्र भेजकर दाखिला कराने का निर्देश दिया है।
पूर्वांचल में आरटीई के तहत सबसे कम दाखिला मिर्जापुर, वाराणसी और सोनभद्र में हुआ है। जहां मिर्जापुर में 3365 लॉटरी में केवल 42 प्रतिशत बच्चों का दाखिला हुआ है। वाराणसी में कुल 7656 लॉटरी में 44 प्रतिशत बच्चों ने स्कूलों स्कूल में प्रवेश लिया है। वहीं सोनभद्र में 733 बच्चों में केवल 48 फीसदी बच्चों का दाखिला हुआ है।
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पूर्वांचल में आरटीई के तहत सबसे कम दाखिला मिर्जापुर, वाराणसी और सोनभद्र में हुआ है। जहां मिर्जापुर में 3365 लॉटरी में केवल 42 प्रतिशत बच्चों का दाखिला हुआ है। वाराणसी में कुल 7656 लॉटरी में 44 प्रतिशत बच्चों ने स्कूलों स्कूल में प्रवेश लिया है। वहीं सोनभद्र में 733 बच्चों में केवल 48 फीसदी बच्चों का दाखिला हुआ है।
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आरटीई के तहत हर साल प्राइवेट स्कूलों में फ्री प्रवेश पाने के लिए आवेदन होते हैं। शिक्षा विभाग पात्र विद्यार्थियों को प्रवेश नहीं दिला पा रहा है। प्रदेश में शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत छह लाख से ज्यादा सीटें हैं। यह सीटें सिर्फ उन बच्चों के लिए आरक्षित होती हैं, जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं। स्कूलों में प्रवेश दिलाने के मामले में हमीरपुर अव्वल है तो कानपुर देहात दूसरे स्थान पर है। वहीं जौनपुर तीसरे स्थान पर है। वाराणसी में चयनित बच्चों में से 44 प्रतिशत ने ही स्कूलों में प्रवेश लिया है।
आरटीई के तहत पंजीकृत है 3 हजार विद्यालय
पूर्वांचल की बात करें तो आजमगढ़, बलिया, भदोही, चंदौली, गाजीपुर, जौनपुर, मऊ, मिर्जापुर, सोनभद्र व वाराणसी को मिलाकर कुल 17,689 स्कूल हैं। केवल 3,636 ही आरटीई के तहत पंजीकृत है। अभी भी कई स्कूलों ने आरटीई पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कराया है।
जिला पंजीकृत स्कूल कुल लॉटरी कितने फीसदी बच्चों ने लिया प्रवेश
आजमगढ़ 300 2398 93
बलिया 221 1782 71
भदोही 376 1533 73
चंदौली 259 1479 89
गाजीपुर 329 1517 59
जौनपुर 485 977 97
मऊ 144 893 71
मिर्जापुर 225 3365 42
सोनभद्र 70 733 48
वाराणसी 1227 7656 44
जिन जिलों में बच्चों का प्रवेश स्कूलों में नहीं हुआ है, जिलाधिकारी के साथ स्कूलों की बैठक कराकर बच्चों का दाखिला जल्द से जल्द स्कूलों में कराया जाएगा।- अवध किशोर सिंह, एडी बेसिक
आरटीई के तहत पंजीकृत है 3 हजार विद्यालय
पूर्वांचल की बात करें तो आजमगढ़, बलिया, भदोही, चंदौली, गाजीपुर, जौनपुर, मऊ, मिर्जापुर, सोनभद्र व वाराणसी को मिलाकर कुल 17,689 स्कूल हैं। केवल 3,636 ही आरटीई के तहत पंजीकृत है। अभी भी कई स्कूलों ने आरटीई पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कराया है।
जिला पंजीकृत स्कूल कुल लॉटरी कितने फीसदी बच्चों ने लिया प्रवेश
आजमगढ़ 300 2398 93
बलिया 221 1782 71
भदोही 376 1533 73
चंदौली 259 1479 89
गाजीपुर 329 1517 59
जौनपुर 485 977 97
मऊ 144 893 71
मिर्जापुर 225 3365 42
सोनभद्र 70 733 48
वाराणसी 1227 7656 44
जिन जिलों में बच्चों का प्रवेश स्कूलों में नहीं हुआ है, जिलाधिकारी के साथ स्कूलों की बैठक कराकर बच्चों का दाखिला जल्द से जल्द स्कूलों में कराया जाएगा।- अवध किशोर सिंह, एडी बेसिक