Navratri 2020: कूष्मांडा देवी के दर्शन को लगी भीड़, भक्तों ने की कोरोना को जल्दी दूर करने की प्रार्थना
नवरात्र के चौथे दिन भी श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। वाराणसी के दुर्गाकुंड स्थित मंदिर में कूष्मांडा देवी के दर्शन के लिए भक्त लाइन लगाकर दर्शन कर रहे हैं। कोरोना काल में लोगों को कोरोना गाइडलाइन का पालन करने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं।
बिना मास्क के मंदिर में किसी को भी प्रवेश नहीं दिया जा रहा है। साथ ही हाथों को सैनिटाइज भी कराया जा रहा है। भक्तों मां कूष्मांडा से कोरोना वायरस के इस प्रकोप को जल्दी खत्म करने की प्रार्थना कर रहे हैं।
ईशत हास्य से ब्रह्मांड की रचना करने वाली देवी भगवती के चौथे स्वरूप मां कूष्मांडा की पूजा नवरात्र के चौथे दिन होती है। इनकी कांति और आभा सूर्य के समान है। जब सृष्टि नहीं थी, तब देवी के कूष्मांडा स्वरूप ने ही सृष्टि का विस्तार किया। मां का यह स्वरूप अन्नपूर्णा का है।
शाकुंभरी रूप धर देवी ने शाक से धरती को पल्लवित किया और शताक्षी बनकर असुरों का संहार किया। यह प्रकृति और पर्यावरण की अधिष्ठात्री हैं। कूष्मांडा देवी की आराधना के बिना जप और ध्यान संपूर्ण नहीं होते। नवरात्र के चौथे दिन शाक-सब्जी और अन्न का दान फलदायी है। माता के इस रूप में तृप्ति और तुष्टि दोनों हैं।
इनकी आराधना का मंत्र है-
या देवी सर्वभूतेषु तुष्टि रूपेण संस्थिता, नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:।