Muharram 2025: जुलूस की ड्रोन से होगी निगरानी, मानक के अनुसार होनी चाहिए ताजिया; जानें- सीपी ने और क्या कहा
Muharram 2025: बनारस में होने वाले धार्मिक आयोजनों को लेकर थानों और पुलिस चाैकियों पर शांति समिति की बैठकें की गईं। इसके साथ ही पुलिस आयुक्त ने भी सुरक्षा की व्यवस्थाओं काे परखा। कहा कि संदिग्ध लोगों पर नजर रखी जाए। संदिग्ध गतिविधियों पर त्वरित एक्शन लें।
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Varanasi News: रथयात्रा, मुहर्रम समेत सुगम यातायात को लेकर पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने गुरुवार को राजपत्रित अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान पुलिस आयुक्त ने कहा कि ताजिया जुलूसों पर ड्रोन व विडियोग्राफी के माध्यम से निगरानी होगी। ताजियादारों व आयोजकों की जिम्मेदारी होगी कि अपने ताजिया की ऊंचाई निर्धारिक मानक के अनुरूप रखें। निर्धारित मानक से ऊंची ताजिया व जुलूस में हुड़दंग व अराजकता के लिए आयोजक जिम्मेदार होंगे।
उन्होंने मातहतों को निर्देशित किया कि 27 जून से मुहर्रम शुरू हो रहा है। ताजियादारों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देशों समेत उनकी जिम्मेदारियों से अवगत कराएं।
पुलिस आयुक्त ने कहा कि पिछले 10 साल में हुए सांप्रदायिक विवादों से संबंधित एवं सांप्रदायिक व जातीय विद्वेष फैलाने वाले असामाजिक तत्वों को चिह्नित कर निरोधात्मक कार्रवाई करें। भड़काऊ नारे एवं अस्त्र शस्त्रों व हथियारों का प्रदर्शन पूरी तरह प्रतिबंधित है। जुलूस में सहयोग के लिए 20-20 वालेन्टियर तैनात किए जाएंगे।
पुलिस आयुक्त ने कहा कि 11 जुलाई से 9 अगस्त तक सावन माह के दौरान कांवड़ यात्रा होगी। डीसीपी स्तर पर कांवड़ संघ व कांवड़ सेवा शिविर संचालकों से बैठक व संवाद कर आवश्यक दिशा-निर्देशों से अवगत कराएं। कांवड़ रूट पर कावड़ यात्रियों के लिए होल्डिंग एरिया बनाया जाए, मूलभूत सुविधाओं का प्रबंध हो।
शिवालयों पर श्रद्धालुओं की सुविधा व सुरक्षा के तहत पर्याप्त संख्या में पुलिस बल तैनात किए जाएं। सीसी कैमरों से निगरानी हो। डीसीपी कांवड़ यात्रा मार्गों का भ्रमण कर निरीक्षण करें। जुलूस में डीजे व संगीत की ध्वनि स्तर निर्धारित मानक का पालन करेंगे। अश्लील व भड़काऊ प्रतिबंधित है।
कांवड़ यात्रा के मार्गों पर बनेगी अस्थायी पुलिस चौकियां
पुलिस आयुक्त ने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था के लिए डायवर्जन प्लान लागू होगा। कांवड़ मार्गों पर कहीं भी खुले में मांस, मछली व मादक पदार्थों आदि की बिक्री नहीं होगी। कांवड़ यात्रा के मार्गों पर अस्थायी पुलिस चौकियां बनेगी।
किसी भी धार्मिक आयोजन में नहीं होगा शस्त्र प्रदर्शन
रामेश्वर पुलिस चौकी परिसर में गुरुवार को पीस कमेटी की बैठक हुई। पुलिस उपायुक्त गोमती जोन आकाश पटेल ने कहा कि ताजिया निकलते समय ताजिये की ऊंचाई कम रखें। शस्त्र का प्रदर्शन न करें और नई परंपरा की शुरुआत बिल्कुल न हो। कांवड़ यात्रा के दौरान डीजे की ऊंचाई कम हो।
किसी भी धार्मिक आयोजन में शस्त्र का प्रदर्शन नहीं होना चाहिए। निजी जमीन में ताजिया रखने का प्रयास बिल्कुल न करें। उन्होंने पिछले साल करधना गांव में ताजिया के दौरान हुए बवाल का जिक्र करते हुए कहा कि भविष्य में इस तरह का कहीं भी बवाल होता है तो उसके साथ प्रशासन सख्ती के साथ निपटेगा और 50 साल तक त्योहार आने पर उसे पाबंद किया जाएगा।