{"_id":"65a5b2455048f21e6d0ed057","slug":"mist-gun-will-improve-the-air-quality-of-the-city-varanasi-news-c-20-vns1013-483002-2024-01-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Varanasi News: शहर की वायु गुणवत्ता सुधारेगी मिस्ट गन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Varanasi News: शहर की वायु गुणवत्ता सुधारेगी मिस्ट गन
विज्ञापन
शहर की वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए नगर निगम हर जोन में मिस्ट गन का इस्तेमाल करेगा। ट्रायल के तौर पर अभी एक मिस्ट गन का इस्तेमाल किया जा रहा है। आने वाले दिनों में जोनवार मिस्ट गन का इस्तेमाल किया जाएगा। नगर निगम ने इसकी तैयारी कर ली है।
नगर निगम की ओर से वायु प्रदूषण को कम करने की दिशा में कई कार्य कराए जा रहे हैं। सड़क किनारे की कच्ची जमीनों का पक्का किया जा रहा है ताकि धूल कम से कम उड़े। कई बार हवा की गुणवत्ता को सुधारने के लिए पानी का छिड़काव जरूरी हो जाता है। मिस्ट गन की खासियत होती है कि कम पानी का छिड़काव बड़े क्षेत्रफल में करता है। तीन मंजिल तक इसकी पहुंच होती है। सड़क किनारे लगे पेड़ों के आखिरी पत्तों तक पानी आसानी से पहुंच जाता है। ऐसी स्थिति में पत्तों पर जमी धूल साफ हो जाती है। ज्यादातर निर्माण कार्यों, खोदाई और सड़कों पर चलने वाले वाहनों से धूल के कण वातावरण में फैल जाते हैं। जो लगातार किसी ने किसी सामान पर एकत्र होते हैं। सामान्य पानी के प्रेशर से पूरे पेड़ों तक पहुंच नहीं हो पाती है। मिस्ट गन से पानी की बूंद स्प्रे के रूप मेंं निकलती है और धूल के कण को दबाकर जमीन पर ले आती है। इससे वायु प्रदूषण कम होता है।
वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए मिस्ट गन काफी कारगर है। अभी एक गन नगर निगम के पास है। आने वाले दिनों में सभी आठों जोन में इसका इस्तेमाल किया जाएगा। हर जोन के लिए अलग अलग मिस्ट गन होनी। - डॉ. एनपी सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन
नगर निगम की ओर से वायु प्रदूषण को कम करने की दिशा में कई कार्य कराए जा रहे हैं। सड़क किनारे की कच्ची जमीनों का पक्का किया जा रहा है ताकि धूल कम से कम उड़े। कई बार हवा की गुणवत्ता को सुधारने के लिए पानी का छिड़काव जरूरी हो जाता है। मिस्ट गन की खासियत होती है कि कम पानी का छिड़काव बड़े क्षेत्रफल में करता है। तीन मंजिल तक इसकी पहुंच होती है। सड़क किनारे लगे पेड़ों के आखिरी पत्तों तक पानी आसानी से पहुंच जाता है। ऐसी स्थिति में पत्तों पर जमी धूल साफ हो जाती है। ज्यादातर निर्माण कार्यों, खोदाई और सड़कों पर चलने वाले वाहनों से धूल के कण वातावरण में फैल जाते हैं। जो लगातार किसी ने किसी सामान पर एकत्र होते हैं। सामान्य पानी के प्रेशर से पूरे पेड़ों तक पहुंच नहीं हो पाती है। मिस्ट गन से पानी की बूंद स्प्रे के रूप मेंं निकलती है और धूल के कण को दबाकर जमीन पर ले आती है। इससे वायु प्रदूषण कम होता है।
विज्ञापन
वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए मिस्ट गन काफी कारगर है। अभी एक गन नगर निगम के पास है। आने वाले दिनों में सभी आठों जोन में इसका इस्तेमाल किया जाएगा। हर जोन के लिए अलग अलग मिस्ट गन होनी। - डॉ. एनपी सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी
विज्ञापन