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Mgkvp News:काशी विद्यापीठ आए नेपाल के डिप्टी प्राइम मिनिस्टर, बाेले:भारत-नेपाल के संबंध बहुमुखी हैं
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महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ, त्रिभुवन विश्वविद्यालय, काठमांडो एवं गुरु विद्यापीठ, रोहतक के संयुक्त तत्वावधान में काठमांडो स्थित त्रिभुवन विश्वविद्यालय में सम्मेलन का आयोजन हुआ। मुख्य अतिथि नेपाल के उपप्रधानमंत्री नारायण काजी श्रेष्ठ ने सम्मेलन को भारत-नेपाल के बीच बौद्धिक सेतु करार दिया। उन्होंने कहा कि भारत-नेपाल के संबंध बहुमुखी हैं। ये रिश्ते सदियों पुराने हैं। दोनों देशों की खुली सीमाएं इन रिश्तों को अनूठा बनाती हैं।
महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के समाज कार्य संकायाध्यक्ष एवं विभागाध्यक्ष प्रो. महेंद्र मोहन वर्मा ने बताया कि भारत एवं नेपाल दोनों देश सामाजिक परिवर्तन की प्रक्रिया से गुजर रहे हैं। आयोजन सचिव डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने कहा कि यह अयोजन गुरु विद्यापीठ, रोहतक और काशी विद्यापीठ के समाजकार्य संकाय के मध्य मार्च 2024 में हुए समझौते का परिणाम है।
त्रिभुवन विश्वविद्यालय के रेक्टर प्रो. खड़ग केसी ने दोनों देशों की जनता के आपसी रिश्तों की प्रगाढ़ता को दोनों देशों की सरकारों के बीच पार्टनरशिप की अनिवार्यता का आधार बताया। तकनीकी सत्र की अध्यक्षता प्रो. संजीता वर्मा ने की। सह अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मी कुमारी जोशी रहीं। इस सत्र में 85 शोध पत्रों का वाचन किया गया।
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समापन सत्र की अध्यक्षता काशी विद्यापीठ की आईक्यूएसी एवं गांधी अध्ययन पीठ के निदेशक प्रो. एमएम वर्मा ने की। मुख्य अतिथि नेपाल के सम्मानित सांसद डॉ. अमरेश कुमार सिंह रहे। स्वागत गुरु विद्यापीठ, रोहतक की डॉ. सुलक्षणा अहलावत ने किया।
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महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के समाज कार्य संकायाध्यक्ष एवं विभागाध्यक्ष प्रो. महेंद्र मोहन वर्मा ने बताया कि भारत एवं नेपाल दोनों देश सामाजिक परिवर्तन की प्रक्रिया से गुजर रहे हैं। आयोजन सचिव डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने कहा कि यह अयोजन गुरु विद्यापीठ, रोहतक और काशी विद्यापीठ के समाजकार्य संकाय के मध्य मार्च 2024 में हुए समझौते का परिणाम है।
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त्रिभुवन विश्वविद्यालय के रेक्टर प्रो. खड़ग केसी ने दोनों देशों की जनता के आपसी रिश्तों की प्रगाढ़ता को दोनों देशों की सरकारों के बीच पार्टनरशिप की अनिवार्यता का आधार बताया। तकनीकी सत्र की अध्यक्षता प्रो. संजीता वर्मा ने की। सह अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मी कुमारी जोशी रहीं। इस सत्र में 85 शोध पत्रों का वाचन किया गया।
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समापन सत्र की अध्यक्षता काशी विद्यापीठ की आईक्यूएसी एवं गांधी अध्ययन पीठ के निदेशक प्रो. एमएम वर्मा ने की। मुख्य अतिथि नेपाल के सम्मानित सांसद डॉ. अमरेश कुमार सिंह रहे। स्वागत गुरु विद्यापीठ, रोहतक की डॉ. सुलक्षणा अहलावत ने किया।