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गणतंत्र तिथि महोत्सव में गंगाघाट पर राष्ट्रीय ध्वज को दी सलामी
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Sat, 04 Feb 2017 10:27 PM IST
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केदारघाट पर गणतंत्र तिथि महोत्सव, बटुकों ने परेड कर तिरंगे तो दी सलामी
- फोटो : अमर उजाला
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गणतंत्र तिथि महोत्सव में शनिवार को तिरंगे को द्वारका-शारदा, ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य ने सलामी दी। माघ शुक्ल अष्टमी तिथि को ही भारतीय गणतंत्र का उदय हुआ था। इस मौके पर शंकराचार्य ने कहा कि देश में रामराज्य लाने का सपना साकार करने के लिए प्रयास किया जाना चाहिए। उस दौर के संघर्ष का उद्देश्य भारत में रामराज्य लाना था।
केदार घाट पर समारोह में शंकराचार्य ने कहा कि गोहत्या जब तक बंद नहीं होगी, धरती सश्य श्यामला नहीं हो सकती। गंगा की धारा अविरल होनी चाहिए। बताया कि लोग जब पूछते हैं कि आप हिंदू राष्ट्र चाहते हैं, तब उनको उत्तर देता हूं कि हम रामराज्य चाहते हैं।
क्योंकि हिंदू राज्य तो रावण और कंस का भी था। इस अवसर पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती, डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र, ब्रह्मचारी ब्रह्मविद्यानंद, शारदानंद, केशवानंद, डॉ. गिरीश तिवारी, रमेश चोपड़ा, परमानंद उपाध्याय, राजेंद्र तिवारी बबलू, राजेंद्र मिश्र, स्वामी सदाशिव ब्रह्मेंद्रानंद सरस्वती, स्वामी ईश्वरानंद तीर्थ, स्वामी धर्मानंद, सावित्री पांडेय, गोरखनाथ तिवारी समेत तमाम लोग उपस्थित थे।
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इससे पहले जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती न्याय वेदांत महाविद्यालय के वैदिक बटुकों ने रंजन शर्मा के नेतृत्व में परेड कर तिरंगे को सलामी दी। डॉ. विजय कपूर और भैरवी कुमारी ने गंगा गीत के अलावा देशभक्ति के गीत प्रस्तुत किया।
संचालन डॉ. गांगेय हंस और धन्यवाद ज्ञापन रमेश उपाध्याय ने किया।
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केदार घाट पर समारोह में शंकराचार्य ने कहा कि गोहत्या जब तक बंद नहीं होगी, धरती सश्य श्यामला नहीं हो सकती। गंगा की धारा अविरल होनी चाहिए। बताया कि लोग जब पूछते हैं कि आप हिंदू राष्ट्र चाहते हैं, तब उनको उत्तर देता हूं कि हम रामराज्य चाहते हैं।
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क्योंकि हिंदू राज्य तो रावण और कंस का भी था। इस अवसर पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती, डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र, ब्रह्मचारी ब्रह्मविद्यानंद, शारदानंद, केशवानंद, डॉ. गिरीश तिवारी, रमेश चोपड़ा, परमानंद उपाध्याय, राजेंद्र तिवारी बबलू, राजेंद्र मिश्र, स्वामी सदाशिव ब्रह्मेंद्रानंद सरस्वती, स्वामी ईश्वरानंद तीर्थ, स्वामी धर्मानंद, सावित्री पांडेय, गोरखनाथ तिवारी समेत तमाम लोग उपस्थित थे।
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इससे पहले जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती न्याय वेदांत महाविद्यालय के वैदिक बटुकों ने रंजन शर्मा के नेतृत्व में परेड कर तिरंगे को सलामी दी। डॉ. विजय कपूर और भैरवी कुमारी ने गंगा गीत के अलावा देशभक्ति के गीत प्रस्तुत किया।
संचालन डॉ. गांगेय हंस और धन्यवाद ज्ञापन रमेश उपाध्याय ने किया।