कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के चार शिक्षक बर्खास्त, बीएसए ने की कार्रवाई, एफआईआर कर होगी वसूली
वाराणसी जिले में फर्जी और कूटरचित प्रमाण पत्रों पर नौकरी कर रहे कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों के चार शिक्षकों को जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा के आदेश पर बीएसए ने बुधवार को सेवा समाप्ति का नोटिस जारी कर दिया। इन चार लोगों में एक वार्डन, दो पूर्णकालिक शिक्षिका व एक अंशकालिक शिक्षक हैं।
शासन के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी की ओर से 10 जून को गठित तीन सदस्यीय जांच समिति ने जनपद में संचालित कस्तूरबा विद्यालय में कार्यरत कुल 84 शैक्षणिक एवं गैर शैक्षणिक कर्मियों के मूल शैक्षिक अंकपत्र/ प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, उनके चयन/ मेरिट की जांच की।
इसके बाद इन चार शिक्षक कर्मियों द्वारा दिए गए नोटिस का स्पष्टीकरण संतोषजनक पेश न कर पाने के बाद जिलाधिकारी के आदेश के बाद इनकी सेवा समाप्त कर दी गयी। शिक्षकों के सेवा समाप्ति के अलावा जिलाधिकारी ने तत्कालीन चयन समिति के सदस्यों की सूची मांगी है। साथ ही शिक्षकों के मानदेय की वसूली व आरसी जारी करने के साथ धारा 420 के तहत नामजद एफआईआर कराने का आदेश दिया है।
इनके खिलाफ हुई कार्रवाई
नगर क्षेत्र शिवपुर के कस्तूरबा विद्यालय के वॉर्डन यादवेश कुमार सिंह जो अनुसूचित जाति की सीट पर चयनित हुए हैं। इनके द्वारा प्रस्तुत प्रमाण पत्र में अन्य पिछड़ा जाति अंकित है। शिवपुर नगर क्षेत्र के अंशकालिक शिक्षक रामचरित्र यादव, जो कम लाभांक के बावजूद मुख्य सूची में प्रथम स्थान पर चयनित हुए हैं।
आराजी लाइन विकास क्षेत्र की पूर्णकालिक शिक्षिका सरिता आर्या जिनका मूल अंक 192 है, जबकि संस्था द्वारा चयन करते समय इनका लाभांक 249 है। यहीं की शिक्षिका अंजनी राय जिनकी कुल शैक्षिक मेरिट का लाभांक 214 है, जबकि संस्था द्वारा चयन सूची में इनका कुल भाग 287 है।