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दोनों जहां में तुझ से उजाला है फातमा...
ब्यूरो/अमर उजाला वाराणसी
Updated Thu, 31 Mar 2016 02:18 AM IST
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हजरत मोहम्मद (स.) की बेटी व खातूने जन्नत जनाबे फातमा की विलादत (पैदाइश) पर बुधवार को काली महल स्थित जेपी टावर में महफिल हई। महफिल में मौलाना एजाज हसनैन गदीरी ने नूरानी तकरीर पेश की।
उन्होंने फरमाया कि जनाबे फातमा के किरदार से दुनिया की सभी कौमों ने कुछ न कुछ हासिल किया। बीबी फातमा ने ये बता दिया कि औरत को बेटी, पत्नी और मां के तौर पर किस तरह जिंदगी गुजारनी चाहिए। इस अवसर पर अतश बनारसी, अतहर बनारसी, फैज असकरी जौनपुरी, शबीह गोपालपुरी, मेहंदी बनारसी, बालक नकी ने कलाम पेश किए। लोगों का शुक्रिया अदा करते हुए फरमान हैदर ने कलाम पेश किया ‘दोनों जहां में तुझ से उजाला है फातमा, तूने हसन हुसैन को पाला है फातमा’।
उन्होंने कहा कि 20 जमादीउस्सानी तारीखे इस्लाम में सुनहरे हरफों ने लिखी जा चुकी है। इसी दिन जनाबे फातमा की विलादत हुई थी। हसन और हुसैन जैसे बेटे दुनिया को दिया थे। सदारत मौलाना जमीरुल हसन ने की। संचालन मौलाना हैदर अब्बास और शुक्रिया सलमान हैदर ने अदा किया। इस अवसर पर इमाम हसन का कदीमी दस्तरख्वान सजाया गया। बड़ी तादाद में लोगों ने दावत में शिरकत की। उलेमा व मोमीनीन ने देश दुनिया में अमन के लिए दुआख्वानी की।
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उन्होंने फरमाया कि जनाबे फातमा के किरदार से दुनिया की सभी कौमों ने कुछ न कुछ हासिल किया। बीबी फातमा ने ये बता दिया कि औरत को बेटी, पत्नी और मां के तौर पर किस तरह जिंदगी गुजारनी चाहिए। इस अवसर पर अतश बनारसी, अतहर बनारसी, फैज असकरी जौनपुरी, शबीह गोपालपुरी, मेहंदी बनारसी, बालक नकी ने कलाम पेश किए। लोगों का शुक्रिया अदा करते हुए फरमान हैदर ने कलाम पेश किया ‘दोनों जहां में तुझ से उजाला है फातमा, तूने हसन हुसैन को पाला है फातमा’।
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उन्होंने कहा कि 20 जमादीउस्सानी तारीखे इस्लाम में सुनहरे हरफों ने लिखी जा चुकी है। इसी दिन जनाबे फातमा की विलादत हुई थी। हसन और हुसैन जैसे बेटे दुनिया को दिया थे। सदारत मौलाना जमीरुल हसन ने की। संचालन मौलाना हैदर अब्बास और शुक्रिया सलमान हैदर ने अदा किया। इस अवसर पर इमाम हसन का कदीमी दस्तरख्वान सजाया गया। बड़ी तादाद में लोगों ने दावत में शिरकत की। उलेमा व मोमीनीन ने देश दुनिया में अमन के लिए दुआख्वानी की।
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