कोरोना वायरस संदिग्धों ने फिर किया हंगामा, अस्पताल प्रशासन पर लगाए ये आरोप
बलिया जिला अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कोरोना वायरस के संदिग्धों ने गुरुवार को शौचालय में पानी नहीं आने को लेकर हंगामा किया। अस्पताल प्रशासन का ध्यान अपनी ओर कराने के लिए मरीजों ने दरवाजे को जोर-जोर से पीटना शुरू कर दिया। जानकारी होने के बाद अस्पताल प्रशासन ने मोटर चलवाकर टंकी में पानी भरवाया। इसके बाद मरीज शांत हुए।
जिला अस्पताल में भर्ती कोरोना संदिग्धों ने बुधवार को नाश्ता आदि के लिए हंगामा किया था। गुरुवार को शौचालय में पानी नहीं आने पर आइसोलेशन वार्ड में भर्ती संदिग्धों ने हंगामा किया। वे जोर-जोर से दरवाजा पीटने लगे, जिससे दरवाजा क्षतिग्रस्त हो गया।
मौके पर जब पुलिस पहुंची तो भर्ती लोगों ने बताया कि शौचालय में पानी नहीं आ रहा है। इसके अलावा समय से उन्हें भोजन मुहैया नहीं कराया जा रहा है। बाद में अस्पताल प्रशासन ने मोटर चलाकर टंकी में पानी भरा। इसके बाद मरीज शांत हुए।
मेडिकल स्टाफ को नहीं मिले सुरक्षा उपकरण
जिला अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में ड्यूटी कर रहे मेडिकल स्टाफ को व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण मुहैया नहीं कराए गए हैं। सुरक्षा के नाम पर उन्हें केवल मास्क और ग्लव्स ही दिए गए हैं। वार्ड के हर एक शिफ्ट में एक-एक स्टॉफ नर्स, वार्ड ब्वॉय और स्वीपर तैनात हैं। सभी को आठ-आठ घंटे की ड्यूटी दी गई है।
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. बीपी सिंह ने बताया कि आइसोलेशन वार्ड में भर्ती सभी संदिग्धों को ब्रश, पेस्ट और समय से भोजन दिया जा रहा है। बोलबम संस्था की ओर से मरीजों के लिए नाश्ता और भोजन का पैकेट मुहैया कराया जा रहा है। प्रत्येक मरीज को दो लीटर की बोतल बंद पानी दी जी रही है। वार्ड में 20 लीटर पानी की बोतल भी रखवा दिया गया है।