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हेरिटेज वॉक में शुरू हुआ काम, पहुंची स्मार्ट सिटी की टीम
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वाराणसी। कबीर चौरा स्थित हेरिटेज वॉक में गड़बड़ी का मामला सामने आने पर स्मार्ट सिटी की टीम शनिवार को मौके पर पहुंची। अधूरी पड़ी नालियों का निर्माण कार्य शुरू करा दिया गया। आरटीआई कार्यकर्ता डॉ. रविंद्र सहाय कैलाशी ने स्मार्ट सिटी काशी के कार्यों में धांधली का आरोप लगाया था। उन्होंने नगर आयुक्त को शिकायती पत्र लिखकर मामले की जांच का निवेदन भी किया था। शनिवार को अमर उजाला में खबर छपने के बाद स्मार्ट सिटी की टीम सक्रिय हुई।
कबीर चौरा तिराहा के सड़क किनारे बनाई जा रही नालियों के अधूरे कार्यों के कारण नाली पिछले तीन माह से बंद थी। गंदे पानी की बदबू, नाली में सड़न और गंदगी से स्थानीय लोग परेशान हो चुके थे। आरटीआई कार्यकर्ता की लिखित शिकायत मिलने के बाद नगर आयुक्त आशुतोष कुमार द्विवेदी के निर्देश पर स्मार्ट सिटी की टीम अधूरे पड़े कार्यों को पूरा करने पहुंची। अधूरी पड़ी नालियों को ढंकने और निर्माण का काम तेजी से होने लगा।
आरटीआई कार्यकर्ता रविंद्र सहाय कैलाशी ने बताया कि डिप ड्रेन कांसेप्ट बनारस के लिए सही नहीं है। कबीर चौरा क्षेत्र में सड़क 10 से 15 फीट चौड़ी है और सीवर भी है। ऐसे में तीन से चार फीट चौड़ी नालियों के निर्माण से सड़क की चौड़ाई कम हो जाएगी। सीवर जाम होने की समस्या रोजाना बनी रहेगी। उन्होंने बताया कि बनारस के लिए सीसी ब्लाक केसी ड्रेन सिस्टम ही उपयुक्त है। इस मामले में उन्होंने राज्यमंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी से भी शिकायत की है। राज्यमंत्री के संज्ञान में यह मामला है बावजूद इसके अभी तक इस पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है।
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कबीर चौरा तिराहा के सड़क किनारे बनाई जा रही नालियों के अधूरे कार्यों के कारण नाली पिछले तीन माह से बंद थी। गंदे पानी की बदबू, नाली में सड़न और गंदगी से स्थानीय लोग परेशान हो चुके थे। आरटीआई कार्यकर्ता की लिखित शिकायत मिलने के बाद नगर आयुक्त आशुतोष कुमार द्विवेदी के निर्देश पर स्मार्ट सिटी की टीम अधूरे पड़े कार्यों को पूरा करने पहुंची। अधूरी पड़ी नालियों को ढंकने और निर्माण का काम तेजी से होने लगा।
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आरटीआई कार्यकर्ता रविंद्र सहाय कैलाशी ने बताया कि डिप ड्रेन कांसेप्ट बनारस के लिए सही नहीं है। कबीर चौरा क्षेत्र में सड़क 10 से 15 फीट चौड़ी है और सीवर भी है। ऐसे में तीन से चार फीट चौड़ी नालियों के निर्माण से सड़क की चौड़ाई कम हो जाएगी। सीवर जाम होने की समस्या रोजाना बनी रहेगी। उन्होंने बताया कि बनारस के लिए सीसी ब्लाक केसी ड्रेन सिस्टम ही उपयुक्त है। इस मामले में उन्होंने राज्यमंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी से भी शिकायत की है। राज्यमंत्री के संज्ञान में यह मामला है बावजूद इसके अभी तक इस पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है।
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