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अवैध पिस्टल उपलब्ध कराने वाले पांच दोस्त गए जेल
Updated Sat, 28 Jul 2018 02:52 AM IST
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वाराणसी। छावनी क्षेत्र की बुद्ध विहार कॉलोनी स्थित होटल सिल्क सिटी में गोली मार कर खुदकुशी करने वाले हैदराबाद निवासी मनोज रेड्डी को देसी पिस्टल और कारतूस उपलब्ध कराने वाले उसके पांच दोस्तों को पुलिस ने शुक्रवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। आरोपियों की शिनाख्त मोहनिया के हरिशंकर सिंह उर्फ बबलू, भभुआ के राहुल सिंह, जय गुप्ता व आकाश सिंह और पिसौर के नीरज उपाध्याय के तौर पर हुई है।
कैंट पुलिस के अनुसार मनोज रेड्डी लगभग आठ साल बाद 22 जुलाई को बनारस आया तोे अपने ठेकेदार दोस्त हरिशंकर सिंह को बुलाया। दोनों ने होटल रेडिसन में कमरा बुक कराया और साथ रहे। अगले दिन हरिशंकर सिंह ने अपने रिश्तेदार व होटल कंफर्ट इन में काम करने वाले राहुल सिंह के माध्यम से मनोज रेड्डी के लिए कॉल गर्ल की व्यवस्था कराई तो होटल रेडिसन ने कमरा खाली करा लिया। इसके बाद मनोज रेड्डी और कॉल गर्ल होटल सिल्क सिटी में अलग-अलग आईडी प्रूफ देकर खुद को पति-पत्नी बताते हुए 23 जुलाई की रात कमरा लिए। इस बीच हरिशंकर वापस घर लौट गया और 24 जुलाई को मनोज ने उससे कहा कि एक देशी पिस्टल दे दो, हैदराबाद में फिल्म उद्योग से जुड़े एक दोस्त को देनी है। हरिशंकर ने अपने भतीजे आकाश और उसके दोस्त जय से पिस्टल भिजवाई। आकाश और जय ने कैंट स्टेशन के समीप राहुल और उसके दोस्त नीरज को पिस्टल दी। इस बीच मनोज के कमरे में दिन भर शराब पीने का दौर चलता रहा। पिस्टल मिलने के बाद मनोज ने हैदराबाद का हवाई जहाज का टिकट कैंसल करा दिया। शाम छह बजे मनोज के कमरे से राहुल और नीरज चले गए। इसके बाद मनोज ने पिस्टल से गोली मार कर आत्महत्या कर ली। इस संबंध में इंस्पेक्टर कैंट राजीव रंजन उपाध्याय ने बताया कि अवैध पिस्टल उपलब्ध कराकर मनोज के दोस्त उसकी आत्महत्या में मददगार बने। पांचों के खिलाफ आर्म्स एक्ट और आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने का मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।
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कैंट पुलिस के अनुसार मनोज रेड्डी लगभग आठ साल बाद 22 जुलाई को बनारस आया तोे अपने ठेकेदार दोस्त हरिशंकर सिंह को बुलाया। दोनों ने होटल रेडिसन में कमरा बुक कराया और साथ रहे। अगले दिन हरिशंकर सिंह ने अपने रिश्तेदार व होटल कंफर्ट इन में काम करने वाले राहुल सिंह के माध्यम से मनोज रेड्डी के लिए कॉल गर्ल की व्यवस्था कराई तो होटल रेडिसन ने कमरा खाली करा लिया। इसके बाद मनोज रेड्डी और कॉल गर्ल होटल सिल्क सिटी में अलग-अलग आईडी प्रूफ देकर खुद को पति-पत्नी बताते हुए 23 जुलाई की रात कमरा लिए। इस बीच हरिशंकर वापस घर लौट गया और 24 जुलाई को मनोज ने उससे कहा कि एक देशी पिस्टल दे दो, हैदराबाद में फिल्म उद्योग से जुड़े एक दोस्त को देनी है। हरिशंकर ने अपने भतीजे आकाश और उसके दोस्त जय से पिस्टल भिजवाई। आकाश और जय ने कैंट स्टेशन के समीप राहुल और उसके दोस्त नीरज को पिस्टल दी। इस बीच मनोज के कमरे में दिन भर शराब पीने का दौर चलता रहा। पिस्टल मिलने के बाद मनोज ने हैदराबाद का हवाई जहाज का टिकट कैंसल करा दिया। शाम छह बजे मनोज के कमरे से राहुल और नीरज चले गए। इसके बाद मनोज ने पिस्टल से गोली मार कर आत्महत्या कर ली। इस संबंध में इंस्पेक्टर कैंट राजीव रंजन उपाध्याय ने बताया कि अवैध पिस्टल उपलब्ध कराकर मनोज के दोस्त उसकी आत्महत्या में मददगार बने। पांचों के खिलाफ आर्म्स एक्ट और आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने का मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।
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