{"_id":"5a8c8ddf4f1c1bd04b8b6c14","slug":"201519160799-varanasi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अव्यवस्था के विरोध में छात्रों का प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अव्यवस्था के विरोध में छात्रों का प्रदर्शन
Updated Wed, 21 Feb 2018 02:40 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाराणसी। बीएचयू परिसर के छात्रावासों में मेस, सेंट्रल लाइब्रेरी आदि से जुड़ी अव्यवस्थाओं के विरोध में मंगलवार को छात्रों ने रोष जताया। भगत सिंह छात्र मोर्चा के बैनर तले केंद्रीय कार्यालय पहुंचकर समस्याओं को लेकर प्रदर्शन भी किया। कुलपति को संबोधित पत्र में मेस संचालन, सेंट्रल लाइब्रेरी में उपयोगी किताबें, शोध चयन में पारदर्शिता बरतने सहित 14 सूत्रीय मांगों पर जल्द कार्रवाई की बात रखी। उधर कार्यवाहक कुलपति ने नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया तब जाकर छात्र लौटे।
छात्र मोर्चा के सहसचिव अनुपम के नेतृत्व में दोपहर एक बजे छात्रों के केंद्रीय कार्यालय आने की सूचना पर प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्य भी पहुंच गए थे। एहतियातन कार्यालय का गेट बंद कर दिया गया था। अंदर जाने से सदस्यों ने रोका, जिस पर छात्रों की उनसे जमकर नोंकझोंक भी हुई। करीब आधे घंटे के कड़े मशक्कत के बाद जब बात नहीं बनी तो छात्र वहीं धरने पर बैठ गए। अनुपम, वरुण, दीपक, आकांक्षा आदि ने बताया कि आए दिन मेस की अव्यवस्था सामने आती जा रही है, यहां खाना-नाश्ता महंगा है, जिसे सस्ता किया जाए। इसके अलावा गर्ल्स हॉस्टल के मेस में डायट ऑफ, सेंट्रल लाइब्रेरी में सीटों की संख्या बढ़ाने, जरूरी-उपयोगी किताबें मंगाने, 24 घंटे खोले जाने, छात्राओं के साथ भेदभाव बंद करने, शोध छात्रों के चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने सहित सभी मांगों पर पहले भी आवाज उठाई जा चुकी है। इस दौरान विश्वनाथ, अंकित, मृंत्युंजय, विनय, आरती, मुकुल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
छात्र मोर्चा के सहसचिव अनुपम के नेतृत्व में दोपहर एक बजे छात्रों के केंद्रीय कार्यालय आने की सूचना पर प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्य भी पहुंच गए थे। एहतियातन कार्यालय का गेट बंद कर दिया गया था। अंदर जाने से सदस्यों ने रोका, जिस पर छात्रों की उनसे जमकर नोंकझोंक भी हुई। करीब आधे घंटे के कड़े मशक्कत के बाद जब बात नहीं बनी तो छात्र वहीं धरने पर बैठ गए। अनुपम, वरुण, दीपक, आकांक्षा आदि ने बताया कि आए दिन मेस की अव्यवस्था सामने आती जा रही है, यहां खाना-नाश्ता महंगा है, जिसे सस्ता किया जाए। इसके अलावा गर्ल्स हॉस्टल के मेस में डायट ऑफ, सेंट्रल लाइब्रेरी में सीटों की संख्या बढ़ाने, जरूरी-उपयोगी किताबें मंगाने, 24 घंटे खोले जाने, छात्राओं के साथ भेदभाव बंद करने, शोध छात्रों के चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने सहित सभी मांगों पर पहले भी आवाज उठाई जा चुकी है। इस दौरान विश्वनाथ, अंकित, मृंत्युंजय, विनय, आरती, मुकुल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन