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कुपोषण से लड़ाई में सामने आई लापरवाही
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
Updated Mon, 23 May 2016 12:32 AM IST
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आशाखेड़ा के आंगनबाड़ी सेंटर पर बच्ची का वजन कराते सीडीओ।
- फोटो : अमर उजाला
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अधिकारियों के गोद लिए गांवों में भी बच्चों में कुपोषण दूर करने में संबंधित विभाग लापरवाही बरत रहे हैं। इसका खुलासा मुख्य विकास अधिकारी के गोद लिए सोहरामऊ के गांव आशाखेड़ा व केवाना के निरीक्षण में हुआ। लाखों रुपये खर्च होने के बाद भी कुपोषित बच्चों की संख्या न घटने से सीडीओ का पारा चढ़ गया। इस पर उन्होंने संबंधित विभागों के कर्मचारियों को हड़का दिया।
शनिवार को सीडीओ संजीव सिंह ने नवाबगंज विकासखंड के आशाखेड़ा व केवाना गांव के आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया था। इन गांवों में अतिकुपोषित बच्चों की प्रगति संतोषजनक नहीं मिली। गर्भवती महिलाओं का सही पोषण न होने की भी उन्हें जानकारी मिली। सात माह की उम्र तक के बच्चों की मॉनीटरिंग में भी खामी मिली। इससे यह अतिकुपोषित हो रहे हैं। इस पर सीडीओ ने बाल विकास पुष्टाहार विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ आंगनबाड़ी सहायिका और कार्यकत्रियों को फटकार लगा दी।
उन्होंने कहा कि जिन अतिकुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार नहीं हो रहा, उन्हें जिला अस्पताल के एनआरसी में भर्ती कराएं। सीडीओ ने पंजीकृत गर्भवती महिलाओं का जननी सुरक्षा योजना के तहत खाता खुलवाने के भी निर्देश दिए। आंगनबाड़ी केंद्र पर 3 से 6 वर्ष के बच्चों की साफ-सफाई पर विशेष जोर दिया। सीडीओ ने कहा कि टीकाकरण दिवस में छूटे बच्चों का उसी माह सबसेंटर में टीकाकरण कराया जाए। उन्होंने सहायिका व कार्यकत्री को बच्चों को गर्मी से बचाने के उपायों से उनके माता-पिता को अवगत कराने की हिदायत दी।
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शनिवार को सीडीओ संजीव सिंह ने नवाबगंज विकासखंड के आशाखेड़ा व केवाना गांव के आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया था। इन गांवों में अतिकुपोषित बच्चों की प्रगति संतोषजनक नहीं मिली। गर्भवती महिलाओं का सही पोषण न होने की भी उन्हें जानकारी मिली। सात माह की उम्र तक के बच्चों की मॉनीटरिंग में भी खामी मिली। इससे यह अतिकुपोषित हो रहे हैं। इस पर सीडीओ ने बाल विकास पुष्टाहार विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ आंगनबाड़ी सहायिका और कार्यकत्रियों को फटकार लगा दी।
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उन्होंने कहा कि जिन अतिकुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार नहीं हो रहा, उन्हें जिला अस्पताल के एनआरसी में भर्ती कराएं। सीडीओ ने पंजीकृत गर्भवती महिलाओं का जननी सुरक्षा योजना के तहत खाता खुलवाने के भी निर्देश दिए। आंगनबाड़ी केंद्र पर 3 से 6 वर्ष के बच्चों की साफ-सफाई पर विशेष जोर दिया। सीडीओ ने कहा कि टीकाकरण दिवस में छूटे बच्चों का उसी माह सबसेंटर में टीकाकरण कराया जाए। उन्होंने सहायिका व कार्यकत्री को बच्चों को गर्मी से बचाने के उपायों से उनके माता-पिता को अवगत कराने की हिदायत दी।
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