{"_id":"55b7e076aa8d88ef2093e9f791b6b871","slug":"houses-and-shops-went-bulldozer-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मकानों और दुकानों पर चला बुलडोजर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मकानों और दुकानों पर चला बुलडोजर
अमर उजाला ब्यूरो उन्नाव
Updated Wed, 07 Oct 2015 12:55 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उन्नाव-शुक्लागंज को चौड़ा कर फोर लेने बनाने के लिए सोमवार को शुरू हुआ अवैध दुकानों और मकानों को ढहाने का अभियान मंगलवार को भी जारी रहा। सुबह आदर्शनगर से अकरमपुर तक करीब एक किमी तक सड़क के दोनों ओर के मकानों और दुकानों के अवैध हिस्से को प्रशासन ने जेसीबी लगाकर तोड़ा।
उन्नाव-शुक्लागंज मार्ग की चौड़ाई बढ़ाकर 36 मीटर करने के लिए जिला प्रशासन ने सड़क के बीच से दोनों ओर 18 मीटर के दायरे में आने वाले मकानों, दुकानों समेत सभी अवैध निर्माणों का ध्वस्तीकरण शुरू किया है।
सोमवार को गांधी नगर तिराहा से आदर्शनगर तक सड़क के दोनों तरफ के निर्माण गिराने के बाद मंगलवार सुबह प्रशासनिक अमल शेखपुर मोहल्ला पहुंचा और अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाना शुरू किया। जेसीबी से मकानों को अधिक नुकसान होते देख लोगों ने खुद निर्माण तोड़ना शुरू कर दिया।
विज्ञापन
इस दौरान लोगों ने सिटी मजिस्ट्रेट और एसडीएम से मोहलत मांगी तो अधिकारियों ने शाम तक अवैध हिस्सा तोड़ देने और मलबा हटाने की बात कहते हुए मोहलत दे दी। अकरमपुर में कुछ लोगों ने कार्रवाई का विरोध शुरू किया मगर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी के चलते उनकी एक नहीं चली।
विज्ञापन
उन्नाव-शुक्लागंज मार्ग की चौड़ाई बढ़ाकर 36 मीटर करने के लिए जिला प्रशासन ने सड़क के बीच से दोनों ओर 18 मीटर के दायरे में आने वाले मकानों, दुकानों समेत सभी अवैध निर्माणों का ध्वस्तीकरण शुरू किया है।
विज्ञापन
सोमवार को गांधी नगर तिराहा से आदर्शनगर तक सड़क के दोनों तरफ के निर्माण गिराने के बाद मंगलवार सुबह प्रशासनिक अमल शेखपुर मोहल्ला पहुंचा और अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाना शुरू किया। जेसीबी से मकानों को अधिक नुकसान होते देख लोगों ने खुद निर्माण तोड़ना शुरू कर दिया।
विज्ञापन
इस दौरान लोगों ने सिटी मजिस्ट्रेट और एसडीएम से मोहलत मांगी तो अधिकारियों ने शाम तक अवैध हिस्सा तोड़ देने और मलबा हटाने की बात कहते हुए मोहलत दे दी। अकरमपुर में कुछ लोगों ने कार्रवाई का विरोध शुरू किया मगर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी के चलते उनकी एक नहीं चली।