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स्कूल में घटाई जा रही छात्र संख्या
Unnao
Updated Wed, 08 Oct 2014 05:32 AM IST
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उन्नाव। विकासखंड नवाबगंज के गांव आशाखेड़ा में संचालित उच्च प्राथमिक विद्यालय में इंचार्ज टीचर ने अनुदेशकों को हटवाने के लिए बच्चों की संख्या कम कर दी। नियमानुसार जिस उच्च प्राथमिक विद्यालय में सौ छात्र संख्या नहीं होगी, वहां अनुदेशकों की तैनाती नहीं हो सकती।
आशाखेड़ा उच्च प्राथमिक विद्यालय में छह लोगों का स्टाफ है। इसमें एक इंचार्ज टीचर के साथ दो सहायक टीचर व तीन अनुदेशक कार्य कर रहे हैं। इंचार्ज टीचर सुषमा श्रीवास्तव लखनऊ से आती हैं और प्राथमिक शिक्षक संघ की प्रांतीय पदाधिकारी भी हैं। इस विद्यालय में सहायक शिक्षिका में किरन सेंगर, मयंका के अलावा अनुदेशकों में योगेश त्रिपाठी, प्रज्ञा पांडेय व गरिमा तैनात हैं। अनुदेशकों को हटवाने के लिए बच्चों का प्रवेश नहीं लिया जा रहा है। वर्ष 2013-14 में विद्यालय में छात्र संख्या 130 थी जो घटकर 91 रह गई है। यह छात्र संख्या इसलिए घटा दी गई कि वर्ष 2015-16 में अनुदेशकों का नवीनीकरण न हो सके। साथ ही यह भी कहा कि यदि उच्चाधिकारियों से शिकायत की तो कार्य व्यवहार आख्या खराब कर दी जाएगी। इस पर अनुदेशकों ने बीईओ से शिकायत की। साथ ही बीएसए को भी जानकारी दी। बीएसए ने बीईओ कृष्णदेव यादव को जांच के लिए विद्यालय जाने को कहा, लेकिन वह नहीं पहुंचे।
वर्जन-------------
मामला जानकारी में आया है। जांच के लिए बीईओ से कहा गया है। यदि अभिलेखों में छेड़छाड़ की जा रही है तो इसकी जांच होगी। यदि अभिलखों में गड़बड़ी पाई गई तो कार्रवाई अवश्य की जाएगी।
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डॉ. मुकेश कुमार सिंह, बीएसए
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आशाखेड़ा उच्च प्राथमिक विद्यालय में छह लोगों का स्टाफ है। इसमें एक इंचार्ज टीचर के साथ दो सहायक टीचर व तीन अनुदेशक कार्य कर रहे हैं। इंचार्ज टीचर सुषमा श्रीवास्तव लखनऊ से आती हैं और प्राथमिक शिक्षक संघ की प्रांतीय पदाधिकारी भी हैं। इस विद्यालय में सहायक शिक्षिका में किरन सेंगर, मयंका के अलावा अनुदेशकों में योगेश त्रिपाठी, प्रज्ञा पांडेय व गरिमा तैनात हैं। अनुदेशकों को हटवाने के लिए बच्चों का प्रवेश नहीं लिया जा रहा है। वर्ष 2013-14 में विद्यालय में छात्र संख्या 130 थी जो घटकर 91 रह गई है। यह छात्र संख्या इसलिए घटा दी गई कि वर्ष 2015-16 में अनुदेशकों का नवीनीकरण न हो सके। साथ ही यह भी कहा कि यदि उच्चाधिकारियों से शिकायत की तो कार्य व्यवहार आख्या खराब कर दी जाएगी। इस पर अनुदेशकों ने बीईओ से शिकायत की। साथ ही बीएसए को भी जानकारी दी। बीएसए ने बीईओ कृष्णदेव यादव को जांच के लिए विद्यालय जाने को कहा, लेकिन वह नहीं पहुंचे।
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मामला जानकारी में आया है। जांच के लिए बीईओ से कहा गया है। यदि अभिलेखों में छेड़छाड़ की जा रही है तो इसकी जांच होगी। यदि अभिलखों में गड़बड़ी पाई गई तो कार्रवाई अवश्य की जाएगी।
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डॉ. मुकेश कुमार सिंह, बीएसए