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तीन साल से नहीं हुई माइनर की सफाई, सिंचाई का संकट
Unnao
Updated Thu, 11 Oct 2012 12:00 PM IST
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गंजमुरादाबाद (उन्नाव)। वैरी रसूलपुर-पृथ्वीखेड़ा माइनर की तीन साल से सफाई न होने से पानी छोड़े जाने के बाद भी टेल तक नहीं पहुंच रहा है। इससे किसानों के सामने सिंचाई की समस्या खड़ी हो गई है। किसानों का कहना है कि सिंचाई के अभाव में धान, मूंगफली, अरहर आदि की फसलें सूखने की कगार पर पहुंच गई हैं। किसानों ने अविलंब माइनर की सफाई कराने की मांग की है।
वैरी रसूलपुर-पृथ्वीखेड़ा माइनर का हाल यह है कि सफाई न होने से इसमें झाड़-झंखार उग आया है। ऐसे में पानी छोड़ने के बाद भी टेल तक नहीं पहुंच पा रहा है। इसके चलते फसलों की सिंचाई नहीं हो पा रही है और किसानों की खेत में खड़ी फसलें सूखने की कगार पर पहुंचती जा रही हैं। मजबूरी में किसान महंगा डीजल खरीद कर पंपिंग सेट से सिंचाई कर रहे हैं। क्षेत्र के चेतरात, जागेश्वर, रघुनंदन प्रसाद, रजनीश कुमार, शीतल, पप्पू बाजपेई, कृपाशंकर आदि किसानों ने जिलाधिकारी ने मांग की है कि जल्द माइनर की सफाई कराई जाए। ग्रामीणों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि इस बारे में संबंधित विभाग के अधिकारियों को कई मर्तबा अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी कर नतीजा सिफर ही रहा है।
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वैरी रसूलपुर-पृथ्वीखेड़ा माइनर का हाल यह है कि सफाई न होने से इसमें झाड़-झंखार उग आया है। ऐसे में पानी छोड़ने के बाद भी टेल तक नहीं पहुंच पा रहा है। इसके चलते फसलों की सिंचाई नहीं हो पा रही है और किसानों की खेत में खड़ी फसलें सूखने की कगार पर पहुंचती जा रही हैं। मजबूरी में किसान महंगा डीजल खरीद कर पंपिंग सेट से सिंचाई कर रहे हैं। क्षेत्र के चेतरात, जागेश्वर, रघुनंदन प्रसाद, रजनीश कुमार, शीतल, पप्पू बाजपेई, कृपाशंकर आदि किसानों ने जिलाधिकारी ने मांग की है कि जल्द माइनर की सफाई कराई जाए। ग्रामीणों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि इस बारे में संबंधित विभाग के अधिकारियों को कई मर्तबा अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी कर नतीजा सिफर ही रहा है।
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