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Sultanpur News: बच्चों का हजारों क्विंटल पौष्टिक चावल हजम कर गए कोटेदार

Wed, 20 Nov 2024 02:09 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर Updated Wed, 20 Nov 2024 02:09 AM IST
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Kotedar digested thousands of quintals of nutritious rice meant for children
सुल्तानपुर। आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को बांटे जाने वाले पौष्टिक चावल के वितरण में बड़ा खेल उजागर हुआ है। केंद्रों पर इसकी सप्लाई करने वाले कोटेदार लाखों कीमत का हजारों क्विंटल पौष्टिक चावल हजम कर गए। इसका खुलासा बाल विकास परियोजना अधिकारियों की जांच रिपोर्ट से हुआ खुलासा। अब जिला कार्यक्रम अधिकारी ने जिला पूर्ति अधिकारी को पत्र भेजकर संबंधित कोटेदारों को चिह्नित कर रिकवरी के साथ कड़ी कार्रवाई किए जाने के लिए कहा है। उधर, डीएसओ की ओर से चावल की उठान न किए जाने की बात कही जा रही है। गड़बड़ी उजागर होने के बावजूद आपूर्ति विभाग के स्तर से किसी भी कोटेदार पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
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करीब 10 दिन पहले जिला कार्यक्रम अधिकारी ने दूबेपुर विकास खंड के आठ सेंटरों का निरीक्षण किया था। इन सभी सेंटरों पर पौष्टिक चावल का वितरण कई महीनों से नहीं होता पाया गया था। इसे गंभीरता से लेते हुए जिला कार्यक्रम अधिकारी ने जिले में संचालित सेंटरों पर चावल वितरण की ब्लॉकवार स्तर पर जांच कराई। इसके लिए सभी ब्लॉकों के बाल विकास परियोजना अधिकारियों से रिपोर्ट तैयार कर देने के लिए कहा गया। अभी तक शहर समेत नौ विकास खंडों की आई रिपोर्ट में कूरेभार विकास खंड के सर्वाधिक 59 आंगनबाड़ी केंद्रों में से कुछ में कई वर्ष व महीनों से पौष्टिक चावल का वितरण नहीं होना पाया गया है।
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दो सौ केंद्रों में गड़बड़ी की आशंका
इसके साथ ही दूबेपुर विकास खंड के 46 केंद्रों पर वितरण होना नहीं पाया गया है। रिपोर्ट में उजागर हुआ कि योजना की शुरुआत वर्ष 2020 में होने के बाद से आज तक करीब 50 केंद्रों पर लाभार्थियों में पौष्टिक चावल का वितरण ही नहीं किया गया है। यही हाल अन्य विकास खंडों के आंगनबाड़ी केंद्रों में भी दिखी। बच्चों के हिस्से का चावल हजम करने का मामला करीब दो सौ से अधिक आंगनबाड़ी केंद्राें तक पहुंच सकता है। अभी कुड़वार, बल्दीराय, भदैंया व धनपतगंज विकास खंड की रिपोर्ट आना बाकी है।
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उपजिलाधिकारियों को देनी होगी रिपोर्ट
लाभाथियों के पौष्टिक चावल के वितरण में बरती जा रही गड़बड़ी की सूचना को डीएम कृत्तिका ज्योत्सना ने भी गंभीरता से लिया है। उन्होंने प्रत्येक विकास खंड में राशन उठान व वितरण की रिपोर्ट हर माह देने के का उप जिलाधिकारियों को निर्देशित किया है। साथ ही कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों के लाभार्थियों में राशन का वितरण ग्राम निगरानी समिति के समक्ष ही सुनिश्चित कराया जाए।

विपणन विभाग से मांगा वितरण का विवरण
आपूर्ति विभाग से चावल की उठान नियमित नहीं होने की मौखिक सूचना पर पीसीएफ की गोदामों से उठान का पूरा विवरण विपणन विभाग से मांगा गया है। रिपोर्ट मिलने के बाद बरती जा रही अनियमितता की जानकारी डीएम को दी जाएगी।
शरद कुमार त्रिपाठी, जिला कार्यक्रम अधिकारी
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