{"_id":"61b0fbdd9250a050526c3770","slug":"express-sultanpur-news-lko6080660111","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के लोकार्पण के भी गवाह रहे विपिन रावत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के लोकार्पण के भी गवाह रहे विपिन रावत
विज्ञापन
40. सुल्तानपुर एक्सप्रेसवे के एयर स्ट्रिप पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ?
- फोटो : SULTANPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सुल्तानपुर। देश के पहले सीडीएस विपिन रावत पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के लोकार्पण समारोह के गवाह रहे। पिछले माह 16 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में उन्होंने एक्सप्रेसवे के एयर स्ट्रिप पर लड़ाकू विमानों की लैडिंग कराई थी। इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बैठकर लड़ाकू विमानों का करतब देखा।
जिले से होकर गुजरे लखनऊ-गाजीपुर पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर कूरेभार के पास अरवलकीरी करवत में सरकार के निर्देश पर आपात स्थितियों में लड़ाकू विमानों को उतारने के लिए एयर स्ट्रिप का निर्माण कराया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, एयर स्ट्रिप पर पहले कुछ लड़ाकू विमानों को उतार कर उसकी गुणवत्ता परखी गई थी। इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ 16 नवंबर को एक्सप्रेसवे के उद्घाटन व एयर स्ट्रिप पर लड़ाकू विमानों के शक्ति प्रदर्शन के दौरान सीडीएस विपिन रावत स्वयं पहुंचे थे। एयर स्ट्रिप पर पीएम मोदी के साथ मौजूद रहकर उन्होंने हरक्युलिस, जगुआर, सुखोई, मिराज जैसे विमानों की लैंडिंग कराई थी। उनकी मौजूदगी में वायुसेना के विमानों ने करतब दिखाए थे।
सेना के इतने बड़े अधिकारी का यह पहला आगमन था। सीडीएस जनरल विपिन रावत अनुशासन प्रिय व्यक्ति थे। इसका अंदाजा 16 नवंबर के कार्यक्रम में उनकी मौजूदगी से लगाया जा सकता है। विमानों के शक्ति प्रदर्शन व प्रधानमंत्री की मौजूदगी तक वे चेहरे पर मास्क लगाए एक्सप्रेसवे के एयर स्ट्रिप पर डटे रहे। वायुसेना के अधिकारियों को गाइड करते रहे, लेकिन उनके मौजूद रहने की भनक किसी को नहीं लगी। उनकी मौजूदगी की जानकारी वायुसेना के अधिकारियों को छोड़ सिर्फ कुछ गिने-चुने अधिकारियों को ही हो सकी। बुधवार को हेलीकॉप्टर दुर्घटना में उनकी मौत के बाद उनकी कार्यकुशलता की जिले में हर कोई चर्चा कर रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिले से होकर गुजरे लखनऊ-गाजीपुर पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर कूरेभार के पास अरवलकीरी करवत में सरकार के निर्देश पर आपात स्थितियों में लड़ाकू विमानों को उतारने के लिए एयर स्ट्रिप का निर्माण कराया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, एयर स्ट्रिप पर पहले कुछ लड़ाकू विमानों को उतार कर उसकी गुणवत्ता परखी गई थी। इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ 16 नवंबर को एक्सप्रेसवे के उद्घाटन व एयर स्ट्रिप पर लड़ाकू विमानों के शक्ति प्रदर्शन के दौरान सीडीएस विपिन रावत स्वयं पहुंचे थे। एयर स्ट्रिप पर पीएम मोदी के साथ मौजूद रहकर उन्होंने हरक्युलिस, जगुआर, सुखोई, मिराज जैसे विमानों की लैंडिंग कराई थी। उनकी मौजूदगी में वायुसेना के विमानों ने करतब दिखाए थे।
विज्ञापन
सेना के इतने बड़े अधिकारी का यह पहला आगमन था। सीडीएस जनरल विपिन रावत अनुशासन प्रिय व्यक्ति थे। इसका अंदाजा 16 नवंबर के कार्यक्रम में उनकी मौजूदगी से लगाया जा सकता है। विमानों के शक्ति प्रदर्शन व प्रधानमंत्री की मौजूदगी तक वे चेहरे पर मास्क लगाए एक्सप्रेसवे के एयर स्ट्रिप पर डटे रहे। वायुसेना के अधिकारियों को गाइड करते रहे, लेकिन उनके मौजूद रहने की भनक किसी को नहीं लगी। उनकी मौजूदगी की जानकारी वायुसेना के अधिकारियों को छोड़ सिर्फ कुछ गिने-चुने अधिकारियों को ही हो सकी। बुधवार को हेलीकॉप्टर दुर्घटना में उनकी मौत के बाद उनकी कार्यकुशलता की जिले में हर कोई चर्चा कर रहा है।
विज्ञापन