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हत्या आरोपी पिता-पुत्र समेत तीन दोषी करार
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सुल्तानपुर। 16 वर्ष पूर्व गोली मारकर हुई हत्या के मामले में एडीजे पीके जयंत ने पिता-पुत्र समेत तीन अभियुक्तों को दोषी करार दिया है। अदालत सोमवार को दोषी अभियुक्तों को सजा सुनाएगी।
मामला अमेठी जिले के पीपरपुर थाना क्षेत्र के पठखौली गांव से जुड़ा है। गांव निवासी राम नरायन उपाध्याय के भाई राम लखन उपाध्याय सात मार्च 2006 को बाइक से संग्रामपुर थाने के टीकरमाफी गए थे। वहां पहले से ही राम नारायन उपाध्याय और उनका भांजा मौजूद थे। टीकरमाफी से लौटते समय रास्ते में आरोपी राम लखन गुप्त, उसके पुत्र प्रेमचंद गुप्त और संग्रामपुर के ग्राम गंगा मिश्र का पुरवा मौजा टीकरमाफी निवासी राजकुमार मिश्र ने राम लखन उपाध्याय को जबरदस्ती रोक लिया था। आरोप है कि राम लखन गुप्त के ललकारने पर उसके पुत्र प्रेमचंद व सह आरोपी राजकुमार मिश्र ने तमंचे से गोली मारकर राम लखन उपाध्याय की हत्या कर दी थी।
पुलिस ने मृतक के भाई राम नरायन उपाध्याय की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया था। मुकदमे के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे सरकारी वकील संदीप सिंह ने नौ गवाहों को कोर्ट में पेश किया। एडीजे पीके जयंत ने साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद हत्या के आरोपी राम लखन गुप्त, उसके पुत्र प्रेमचंद और सह आरोपी राजकुमार मिश्र को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी आरोपियों को सजा सुनाने के लिए सोमवार की तिथि नियत की है।
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मामला अमेठी जिले के पीपरपुर थाना क्षेत्र के पठखौली गांव से जुड़ा है। गांव निवासी राम नरायन उपाध्याय के भाई राम लखन उपाध्याय सात मार्च 2006 को बाइक से संग्रामपुर थाने के टीकरमाफी गए थे। वहां पहले से ही राम नारायन उपाध्याय और उनका भांजा मौजूद थे। टीकरमाफी से लौटते समय रास्ते में आरोपी राम लखन गुप्त, उसके पुत्र प्रेमचंद गुप्त और संग्रामपुर के ग्राम गंगा मिश्र का पुरवा मौजा टीकरमाफी निवासी राजकुमार मिश्र ने राम लखन उपाध्याय को जबरदस्ती रोक लिया था। आरोप है कि राम लखन गुप्त के ललकारने पर उसके पुत्र प्रेमचंद व सह आरोपी राजकुमार मिश्र ने तमंचे से गोली मारकर राम लखन उपाध्याय की हत्या कर दी थी।
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पुलिस ने मृतक के भाई राम नरायन उपाध्याय की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया था। मुकदमे के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे सरकारी वकील संदीप सिंह ने नौ गवाहों को कोर्ट में पेश किया। एडीजे पीके जयंत ने साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद हत्या के आरोपी राम लखन गुप्त, उसके पुत्र प्रेमचंद और सह आरोपी राजकुमार मिश्र को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी आरोपियों को सजा सुनाने के लिए सोमवार की तिथि नियत की है।
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