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सोनभद्र में सुरक्षा, खुफिया तंत्र अलर्ट
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सोनभद्र। वाराणसी में पाकिस्तान के खुफिया एजेंसी आईएसआई के एजेंट राशिद के पकड़े जाने के बाद एक बार फिर से सुरक्षा एजेंसियों की निगाहें सोनभद्र पर टिक गई हैं। पुलिस, सीआरपीएफ के साथ सीआईएसएफ को हाई अलर्ट कर दिया गया है। सार्वजनिक स्थलों के साथ ही औद्योगिक संस्थानों, परिसरों की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। बार्डर पार आने-जाने वालों पर पैनी नजर रखी जा रही है। पकड़े गए आतंकी का जिला या सीमावर्ती राज्यों से कोई तार जुड़ा तो नहीं इसकी भी जानकारी जुटाई जा रही है।
नक्सल प्रभावित घिरा होने के कारण जिले की स्थिति अति संवेदनशील की है। यहां राष्ट्रीय महत्व की बिजली, कोयला परियोजना के साथ ही सीमेंट, एल्युमीनियम के कल कारखाने स्थित है। बड़े जलाशयों में एक रिहंद डैम भी राष्ट्र की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थान रखता है। इस कारण जिले को लेकर सुरक्षा एजेंसियां हमेशा हाई अलर्ट मोड में रहती हैं। कुछ साल पहले एक सुरक्षा एजेंसी को सीमा क्षेत्र में सिमी का स्लीप माड्यूल से जुड़े तार का संकेत मिलने के बात चर्चा में आई थी। चूंकि वाराणसी से यह जिला सीधे जुड़ा हुआ है। व्यावसायिक, व्यापारिक रिश्तों के अलावा आपसी संबंध में भी जिले और वाराणसी के लोगों के बीच में है। इसको देखते हुए कहीं जिले में या जिले से सटे सीमावर्ती राज्यों के इलाके से आईएसआई का तार तो नहीं जुड़ा है इसको लेकर गोपनीय जांच शुरू कर दी गई है। केंद्रीय अभिसूचना इकाइयों के साथ ही राज्य की खुफिया तंत्र को अलर्ट कर दिया गया है। जिले के आवागमन करने वालों पर भी नजर रखी जा रही है। एसपी ने सभी थाना प्रभारियों को संदिग्धों पर नजर रखते हुए उनको गिरफ्तार करने का निर्देश दिया है।
वाराणसी में एंटी टेरिस्ट स्क्वाड (एटीएस) द्वारा पाकिस्तान के खुफिया एजेंसी आईएसआई के एजेंट राशिद के पकड़े जाने के बाद जिले में सार्वजनिक जगहों और सीमावर्ती राज्यों की सीमाओं पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। खुफिया एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया है। पकड़े गए एजेेंट का जिले से तार जुड़ा तो नहीं है इसका भी पता लगवाया जा रहा है। - आशीष श्रीवास्तव, पुलिस अधीक्षक
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नक्सल प्रभावित घिरा होने के कारण जिले की स्थिति अति संवेदनशील की है। यहां राष्ट्रीय महत्व की बिजली, कोयला परियोजना के साथ ही सीमेंट, एल्युमीनियम के कल कारखाने स्थित है। बड़े जलाशयों में एक रिहंद डैम भी राष्ट्र की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थान रखता है। इस कारण जिले को लेकर सुरक्षा एजेंसियां हमेशा हाई अलर्ट मोड में रहती हैं। कुछ साल पहले एक सुरक्षा एजेंसी को सीमा क्षेत्र में सिमी का स्लीप माड्यूल से जुड़े तार का संकेत मिलने के बात चर्चा में आई थी। चूंकि वाराणसी से यह जिला सीधे जुड़ा हुआ है। व्यावसायिक, व्यापारिक रिश्तों के अलावा आपसी संबंध में भी जिले और वाराणसी के लोगों के बीच में है। इसको देखते हुए कहीं जिले में या जिले से सटे सीमावर्ती राज्यों के इलाके से आईएसआई का तार तो नहीं जुड़ा है इसको लेकर गोपनीय जांच शुरू कर दी गई है। केंद्रीय अभिसूचना इकाइयों के साथ ही राज्य की खुफिया तंत्र को अलर्ट कर दिया गया है। जिले के आवागमन करने वालों पर भी नजर रखी जा रही है। एसपी ने सभी थाना प्रभारियों को संदिग्धों पर नजर रखते हुए उनको गिरफ्तार करने का निर्देश दिया है।
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वाराणसी में एंटी टेरिस्ट स्क्वाड (एटीएस) द्वारा पाकिस्तान के खुफिया एजेंसी आईएसआई के एजेंट राशिद के पकड़े जाने के बाद जिले में सार्वजनिक जगहों और सीमावर्ती राज्यों की सीमाओं पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। खुफिया एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया है। पकड़े गए एजेेंट का जिले से तार जुड़ा तो नहीं है इसका भी पता लगवाया जा रहा है। - आशीष श्रीवास्तव, पुलिस अधीक्षक
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