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Sonebhadra News: ट्रैक्टर- ट्रॉली का कृषि कार्य के लिए पंजीयन, कर रहे व्यवसायिक उपयोग
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अनपरा नगर सहित आसपास के क्षेत्रों में ट्रैक्टर-ट्रॉली का पंजीयन कृषि कार्य के लिए कराकर इसका व्यवसायिक उपयोग किया जा रहा है। पंजीयन नियमों की अवहेलना कर परमिट में भी चोरी कर सरकार को लाखों का चूना लगाया जा रहा है।
नगर सहित आसपास के इलाकों में करीब दो दर्जन से अधिक बिल्डिंग मटेरियल की दुकानें हैं। बालू, गिट्टी, सरिया, सीमेंट, ईंट, मिट्टी व मोरंग की ढुलाई के लिए ट्रैक्टर का ही इस्तेमाल किया जाता है। इसके लिए करीब तीन दर्जन ट्रैक्टर इस कार्य में लगे हुए हैं।
इसके साथ करीब एक दर्जन से अधिक ईंट भट्ठे भी हैं, जिनमें ट्रैक्टर के माध्यम से ही ईंट ढुलाई का काम होता है। ट्रैक्टर और ट्रॉली का पंजीयन कृषि कार्य के लिए कराया गया है। किसानों को कृषि कार्य के लिए ट्रैक्टर लेने पर सरकार ट्रैक्टर पर पंजीयन शुल्क नही लगाती।
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व्यवसायिक उपयोग के लिए करीब 1500 का पंजीयन शुल्क देना पड़ता है। साथ ही ट्राली पंजीयन के 1500 रूपये, फिटनेस के लिए 800 रुपये और परमिट के लिए हर वर्ष करीब 2500 देना पड़ता है। इस कारण लोग ट्रैक्टर का पंजीयन कृषि कार्य के लिए ही करातें हैं।
लगातार बिना नंबर प्लेट और त्रुटिपूर्ण नंबर प्लेटों के वाहनों का चालान किया जा रहा है। जल्द ही अभियान चलाकर ट्रैक्टरों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
- संजय सिंह, एसआई यातायात पुलिस।
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नगर सहित आसपास के इलाकों में करीब दो दर्जन से अधिक बिल्डिंग मटेरियल की दुकानें हैं। बालू, गिट्टी, सरिया, सीमेंट, ईंट, मिट्टी व मोरंग की ढुलाई के लिए ट्रैक्टर का ही इस्तेमाल किया जाता है। इसके लिए करीब तीन दर्जन ट्रैक्टर इस कार्य में लगे हुए हैं।
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इसके साथ करीब एक दर्जन से अधिक ईंट भट्ठे भी हैं, जिनमें ट्रैक्टर के माध्यम से ही ईंट ढुलाई का काम होता है। ट्रैक्टर और ट्रॉली का पंजीयन कृषि कार्य के लिए कराया गया है। किसानों को कृषि कार्य के लिए ट्रैक्टर लेने पर सरकार ट्रैक्टर पर पंजीयन शुल्क नही लगाती।
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व्यवसायिक उपयोग के लिए करीब 1500 का पंजीयन शुल्क देना पड़ता है। साथ ही ट्राली पंजीयन के 1500 रूपये, फिटनेस के लिए 800 रुपये और परमिट के लिए हर वर्ष करीब 2500 देना पड़ता है। इस कारण लोग ट्रैक्टर का पंजीयन कृषि कार्य के लिए ही करातें हैं।
लगातार बिना नंबर प्लेट और त्रुटिपूर्ण नंबर प्लेटों के वाहनों का चालान किया जा रहा है। जल्द ही अभियान चलाकर ट्रैक्टरों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
- संजय सिंह, एसआई यातायात पुलिस।