UP: कफ सिरप...विशाल उपाध्याय पर 25 हजार का इनाम, चंदौली की पांच, वाराणसी की एक फर्म का लाइसेंस निरस्त
Sonbhadra News: कोडीनयुक्त कफ सिरप मामले में सोनभद्र, चंदाैली और वाराणसी पुलिस ने अपने-अपने जिले में कार्रवाई की। इसी क्रम में सहारनपुर के रहने वाले विशाल उपाध्याय पर 25 हजार का इनाम घोषित किया गया है।
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Cough Syrup Case: कोडीनयुक्त कफ सिरप मामले में सोनभद्र पुलिस ने सहारनपुर के रहने वाले विशाल उपाध्याय पर 25 हजार का इनाम घोषित कर दिया है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है। विशाल ने सहारनपुर के बजाय गाजियाबाद से ड्रग लाइसेंस लिया था। वही पर काम करता था।
कोडीनयुक्त कफ सिरप को लेकर जिला सुर्खियों में रहा। 11 नवंबर को लखनऊ की एसटीएफ ने जिले में छापा मारकर विभोर राणा, उसके भाई विशाल सिंह, बिट्टू और सचिन को गिरफ्तार किया था। कफ सिरप मामले में ही औषधि निरीक्षक ने बेहट के गांव दाउदपुरा निवासी पंकज शर्मा के खिलाफ बेहट थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उसका ड्रग लाइसेंस भी निलंबित कर दिया था। 12 व 13 दिसंबर को ईडी की टीम ने विभोर राणा व उसके भाई विशाल सिंह के ठिकानों पर छापा मारा था।
यहां से टीम कई महत्वपूर्ण दस्तावेज अपने साथ ले गई थी। अब सोनभद्र पुलिस ने सहारनपुर में सरसावा निवासी विशाल उपाध्याय पर 25 हजार का इनाम घोषित कर दिया है। बताया जाता है कि विशाल ने वर्ष 2022-23 में किशनपुरा दवा मार्केट में काम किया था। उसके बाद वह गाजियाबाद चला गया। यहां उसका नाम कोडीन कफ सिरप से जुड़ा। जांच में सामने आया कि वह कई गुना मुनाफा पर कफ सिरप बेचता था। सोनभद्र पुलिस ने गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। अभी तक पुलिस को कोई सफलता नहीं मिली है।
चंदौली की पांच, वाराणसी की एक फर्म का लाइसेंस निरस्त
कोडीन युक्त कफ सिरप की खरीद-बिक्री में जालसाजी के मामले में चंदौली की पांच फर्मों का लाइसेंस निरस्त किया गया है। इसके साथ ही वाराणसी की एक फर्म का लाइसेंस भी निरस्त हुआ है। यह कार्रवाई सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा और औषधि पीसी रस्तोगी द्वारा की गई है। चंदौली में पहली बार हुई इस बड़ी कार्रवाई से दवा कारोबारी सकते में हैं।
सहायक आयुक्त पीसी रस्तोगी ने बताया कि वाराणसी में श्री कपीश इंटरप्राइजेज का लाइसेंस निरस्त किया गया है। वहीं चंदौली में समृद्धि इंटरप्राइजेज, शिवम फार्मा, एसपी फार्मा, सिंह मेडिकोज और च्वायस डिस्ट्रीब्यूटर के लाइसेंस निरस्त किए गए हैं। रस्तोगी ने कहा कि चंदौली में जल्द ही कुछ और फर्मों को भी नोटिस जारी किया जाएगा।
कफ सिरप की खरीद-बिक्री का खेल वाराणसी के साथ-साथ चंदौली, मिर्जापुर, जौनपुर, गोरखपुर और झारखंड के रांची तक फैला हुआ था। जैसे-जैसे खाद्य सुरक्षा और औषधि विभाग की जांच आगे बढ़ रही है, फर्मों पर प्राथमिकी दर्ज करने के साथ-साथ लाइसेंस भी निरस्त किए जा रहे हैं।