सोनभद्र। दीपावली पर पटाखों की दुकानें लगाने की तैयारी शुरू हो गई है। जिले में करीब 10 क्लस्टर बनाए जा रहे हैं। इनमें 500 से अधिक दुकानें लगाई जानी हैं। हालांकि हर वर्ष 200 के करीब ही दुकानें लगाई जाती हैं। पटाखा बिक्री के लिए दुकानदारों को तीन दिन का अस्थायी लाइसेंस जारी किया जाएगा। इसके लिए अब तक 42 आवेदन आए हैं। सुरक्षा के मद्देनजर प्रत्येक दुकान पर दो अग्निशमन यंत्र और बालू से भरी बाल्टी रखना अनिवार्य होगा। मौके पर अग्निशमन वाहन भी उपलब्ध रहेगा। इस वर्ष पांच दिवसीय दीपोत्सव छह नवंबर को धनतेरस के साथ शुरू होगा। त्योहार को लेकर बाजारों में रौनक बढ़ने लगी है। कपड़े, मिठाई, आभूषण और इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकानों के साथ कार-बाइक शोरूम भी सज गए हैं। वहीं, पटाखों की दुकानें लगाने के लिए भी तैयारियां शुरू हो गई हैं।
रॉबर्ट्सगंज के हाइडिल मैदान में प्रदर्शनी लगने के कारण इस वर्ष भी डायट परिसर में पटाखों की दुकानें लगाई जाएंगी। जिले के अन्य क्षेत्रों में भी प्रशासन की ओर से स्थान चिह्नित किए जा रहे हैं। अग्निशमन अधिकारी करन कुमार के मुताबिक, पटाखों की दुकान लगाने के लिए अब तक 42 कारोबारियों ने अस्थायी लाइसेंस के लिए आवेदन किया है। लाइसेंस मिलने के बाद तीन दिन तक दुकानें लगाई जा सकेंगी। उन्होंने बताया कि दुकानदारों को आग से बचाव के पुख्ता इंतजाम करने होंगे। प्रत्येक दुकान पर दो अग्निशमन यंत्र, बालू से भरी बाल्टी और पानी से भरा टैंक रखने के निर्देश हैं। दुकानें केवल प्रशासन की ओर से निर्धारित स्थलों पर ही लगाई जा सकेंगी।