{"_id":"5ccf26dcbdec2207897f13e4","slug":"131557079772-sonebhadra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"खरीद न होने पर आत्महत्या, गेहूं जलाने की दी धमकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खरीद न होने पर आत्महत्या, गेहूं जलाने की दी धमकी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
सोनभद्र। घोरावल ब्लॉक के किसानों ने ओबरा, बकौली, लोहांडीख्, बिसरेखी, पुरना के क्रय केंद्रों को बंद करने और किसानों का गेहूं नहीं खरीदने का आरोप लगाया है। पुरना केद्र से जुड़े किसानों ने गेहूं खरीद शुरू नहीं होने पर 10 मई को आत्महत्या करने और गेहूं जलाने की धमकी दी है। अन्य केंद्रों से जुड़े किसानों ने भी 10 मई से डीएम कार्यालय पर आमरण अनशन करने की चेतावनी दी है।
क्रय केंद्र पुरना से जुड़े किसानों ने एसडीएम घोरावल को दिए पत्र में कहा है कि गोदाम के सामने किसानों ने अपना-अपना गेहूं लाकर जमा किया है, लेकिन केंद्र के सचिव ने बताया कि क्रय केंद्र बंद कर दिया गया है। गेहूं खरीद नहीं लेंगे। चेताया कि यदि गेहूं खरीद नहीं की गई तो किसान साधन सहकारी समिति पुरना पर 10 मई को आत्महत्या कर लेंगे और अपने अनाज को जलाकर भस्म कर देंगे। किसानों ने पुरना क्रय केंद्र को चालू कराने की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में गोविंद प्रसाद सिंह, लाल बहादुर सिंह, मनोज कुमार, विद्या शंकर पटेल, मनोज, पन्नाला, रामसकल, कोमल पांडेय, अरूण कुमार सिंह, उषा सिंह, निर्मला देवी, सोना देवी आदि शामिल हैं।
उधर सोनभद्र किसान कल्याण समिति से जुड़े किसानों ने भी घोरावल एसडीएम को पत्र देकर साधन सहकारी समिति ओबराडीह, बकौली, लोहांडी, बिसरेखी को चालू कराने की मांग की है। पत्र देकर किसान रमाकांत दूबे, अनिल पाठक, विनोद कुमार, गजेंद्र सिंह, रमेश कुमार पाठक, सुरेश द्विवेदी ने कहा है कि इस वर्ष रबी के सीजन में इन क्रय केंद्रों को बंद कर दिया गया है। इससे किसान अपना गेहूं बेचने के लिए विवश हैं। किसानों ने बताया कि पिछले दिनों समस्या से डीएम को अवगत कराया गया तो उन्होंने एसडीएम के यहां भेज दिया। जब शनिवार को एसडीएम से मिलकर समस्या बताई गई तो एसडीएम ने क्रय केंद्र खुलवाने में असमर्थता जता दिया। किसानों ने बताया कि यदि क्रय केंद्र चालू नहीं हुआ तो 10 मई से वे डीएम कार्यालय पर आमरण अनशन शुरू कर देंगे। किसानों ने कहा कि जनप्रतिनिधियों व राजनीतिक दलों की उदासीनता से अपने अपने गांव में चुनाव बहिष्कार का भी मूड बना रहे हैं।
क्रय केंद्र पुरना से जुड़े किसानों ने एसडीएम घोरावल को दिए पत्र में कहा है कि गोदाम के सामने किसानों ने अपना-अपना गेहूं लाकर जमा किया है, लेकिन केंद्र के सचिव ने बताया कि क्रय केंद्र बंद कर दिया गया है। गेहूं खरीद नहीं लेंगे। चेताया कि यदि गेहूं खरीद नहीं की गई तो किसान साधन सहकारी समिति पुरना पर 10 मई को आत्महत्या कर लेंगे और अपने अनाज को जलाकर भस्म कर देंगे। किसानों ने पुरना क्रय केंद्र को चालू कराने की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में गोविंद प्रसाद सिंह, लाल बहादुर सिंह, मनोज कुमार, विद्या शंकर पटेल, मनोज, पन्नाला, रामसकल, कोमल पांडेय, अरूण कुमार सिंह, उषा सिंह, निर्मला देवी, सोना देवी आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
उधर सोनभद्र किसान कल्याण समिति से जुड़े किसानों ने भी घोरावल एसडीएम को पत्र देकर साधन सहकारी समिति ओबराडीह, बकौली, लोहांडी, बिसरेखी को चालू कराने की मांग की है। पत्र देकर किसान रमाकांत दूबे, अनिल पाठक, विनोद कुमार, गजेंद्र सिंह, रमेश कुमार पाठक, सुरेश द्विवेदी ने कहा है कि इस वर्ष रबी के सीजन में इन क्रय केंद्रों को बंद कर दिया गया है। इससे किसान अपना गेहूं बेचने के लिए विवश हैं। किसानों ने बताया कि पिछले दिनों समस्या से डीएम को अवगत कराया गया तो उन्होंने एसडीएम के यहां भेज दिया। जब शनिवार को एसडीएम से मिलकर समस्या बताई गई तो एसडीएम ने क्रय केंद्र खुलवाने में असमर्थता जता दिया। किसानों ने बताया कि यदि क्रय केंद्र चालू नहीं हुआ तो 10 मई से वे डीएम कार्यालय पर आमरण अनशन शुरू कर देंगे। किसानों ने कहा कि जनप्रतिनिधियों व राजनीतिक दलों की उदासीनता से अपने अपने गांव में चुनाव बहिष्कार का भी मूड बना रहे हैं।
विज्ञापन