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पुलिस के चार हजार असलहे कंडम
Sitapur
Updated Wed, 29 Oct 2014 05:31 AM IST
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सीतापुर। पुलिस, पीएसी के गोला-बारूद और हथियारों के जखीरे में शामिल करीब चार हजार असलहे कंडम घोषित कर दिए गए हैं। सीतापुर स्थित यूपी पुलिस, पीएसी के एकमात्र केंद्रीय भंडारण में 20 दिनों तक चली पड़ताल के बाद आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) की टीम ने यह फैसला लिया है। एक साथ इतनी मात्रा में हथियार कंडम होने से असलहों में कमी आ सकती है। कंडम होने वाले असलहों में 303 बोर रायफल के अलावा तीन अत्याधुनिक एके-47 भी शामिल हैं।
जिले में यूपी पुलिस व पीएसी का प्रदेश में इकलौता असलहा भंडारण केंद्र बना हुआ है। केंद्रीय भंडारण से जुड़े सूत्रों ने बताया कि पुलिस, पीएसी के भंडारण में मौजूद काफी तादाद में हथियार बेकार हो गए हैं। वक्त पर यह हथियार अक्सर जवाब दे जाते थे। जिसके चलते इन्हें कंडम घोषित करने की कवायदें करीब छह साल से चल रही थीं, लेकिन काफी जद्दोजहद के बाद इस पर अब अमल हो सका है। हथियारों को कंडम करने की जिम्मेदारी आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) के पास है। पहले पुलिस, पीएसी के ही आरमोरर ने इन हथियारों का निरीक्षण किया। इसके बाद विभाग के ही हेड आरमोररों ने रिपोर्ट तैयार की। अफसरों ने सीआरपीएफ की आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) विंग को इसकी जानकारी दी और हथियारों को कंडम करने को कहा। आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) ने इन हथियारों की जांच की। करीब 20 दिन तक जांच के बाद टीम ने चार हजार हथियारों को कंडम घोषित कर दिया। कंडम घोषित किए गए हथियारों में कारबाइन, पिस्टल, रिवॉल्वर व तीन एके-47 हैं। सबसे ज्यादा अंग्रेजों के जमाने की 303 बोर रायफल हैं। कुछ में तकनीकी खराबी आ गई थी।
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जिले में यूपी पुलिस व पीएसी का प्रदेश में इकलौता असलहा भंडारण केंद्र बना हुआ है। केंद्रीय भंडारण से जुड़े सूत्रों ने बताया कि पुलिस, पीएसी के भंडारण में मौजूद काफी तादाद में हथियार बेकार हो गए हैं। वक्त पर यह हथियार अक्सर जवाब दे जाते थे। जिसके चलते इन्हें कंडम घोषित करने की कवायदें करीब छह साल से चल रही थीं, लेकिन काफी जद्दोजहद के बाद इस पर अब अमल हो सका है। हथियारों को कंडम करने की जिम्मेदारी आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) के पास है। पहले पुलिस, पीएसी के ही आरमोरर ने इन हथियारों का निरीक्षण किया। इसके बाद विभाग के ही हेड आरमोररों ने रिपोर्ट तैयार की। अफसरों ने सीआरपीएफ की आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) विंग को इसकी जानकारी दी और हथियारों को कंडम करने को कहा। आर्म्स इंसपेक्शन अथॉरिटी (एआईए) ने इन हथियारों की जांच की। करीब 20 दिन तक जांच के बाद टीम ने चार हजार हथियारों को कंडम घोषित कर दिया। कंडम घोषित किए गए हथियारों में कारबाइन, पिस्टल, रिवॉल्वर व तीन एके-47 हैं। सबसे ज्यादा अंग्रेजों के जमाने की 303 बोर रायफल हैं। कुछ में तकनीकी खराबी आ गई थी।
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