फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sitapur News ›   रबी की बोआई पर संकट के बादल

रबी की बोआई पर संकट के बादल

Sat, 25 Oct 2014 05:30 AM IST
Sitapur
Sitapur Updated Sat, 25 Oct 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

सीतापुर। सरकारी नलकूप खस्ताहाल हैं। क्षेत्रीय लोगों की मानंे तो खराब होने के बाद नलकूप विभाग भी इन पर नजरें नहीं डालता। इसके अलावा चोर भी नलकूपों के पार्ट आदि चोरी कर उसे बेकाम कर देते हैं। कई नलकूप बिजली न होने और मरम्मत न होने के चलते पानी नहीं दे रहे हैं। जानकार बताते हैं कि कमलापुर इलाके में करीब चालीस सरकारी नलकूप हैं। इनमें से कसमंडा, सरौरा कलां सहित सरवा जलालपुर, भिठौली, जसमंडा, कैमा आदि करीब एक दर्जन नलकूप खराब हैं जिससे किसानों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। कसमंडा निवासी किसान संकटा, अनुज सिंह, लल्लन सिंह, देवेंद्र, गंगाराम आदि का कहना है कि नलकूप काफी समय से खराब चल रहा है। इसको लेकर कई बार विभाग से शिकायत भी की गई, लेकिन कोई बात नहीं बनी। इन लोगों ने खराब पड़े नलकूप को दुरुस्त कराए जाने की मांग की है। इसी तरह सरौरा कलां के किसान लल्लू, इश्तियाक, आरिफ, शुएब, जगजीवन आदि का कहना है कि उनके गांव के अधिकतर किसान सरकारी नलकूप से खेतों की सिंचाई करते थे, लेकिन इस दौरान वह तकनीकी खराबी के कारण अर्से से बंद पड़ा है। जिसके चलते किसानों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। किसानों का आरोप है कि नलकूप विभाग से कई बार शिकायतें भी की गईं, लेकिन उनकी बातों को अनसुना कर दिया गया। लिहाजा वह लोग अब अपने निजी संसाधनों से किसानी करने को मजबूर हैं। जिससे फसल तैयार होने तक काफी लागत लग जाती है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि खराब पड़े नलकूपों को दुरुस्त कराए जाने के लिए शासन स्तर से कार्रवाई चल रही है। जल्द ही उन्हें ठीक कराने की कोशिश की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed