{"_id":"59a310c34f1c1b6f178b4986","slug":"201503858883-sitapur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मनमानी: पुलिस ने पीड़ितों को ही डाला हवालात में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मनमानी: पुलिस ने पीड़ितों को ही डाला हवालात में
Updated Mon, 28 Aug 2017 12:48 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केस दर्ज करवाने को धरने पर बैठे भाजपा विधायक
सीतापुर। अपनी ही सरकार में रिपोर्ट दर्ज करवाने के लिए दो भाजपा विधायकों को रविवार को कोतवाली में धरने पर बैठना पड़ा।
हालांकि विधायकों के धरना देते ही मिश्रिख कोतवाली पुलिस ने मारपीट के आरोपी होटल स्वामी समेत कई लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया।
बताते हैं कि मिश्रिख के रन्नपुर निवासी पालिका चेयरमैन रामशंकर वर्मा का पुत्र प्रशांत (36) मोहल्ले के ही विनय (20) व अनुज (31) के साथ शनिवार को जिला मुख्यालय आया था।
शनिवार रात शहर के एक होटल में तीनों खाना खाने पहुंचे। बताते हैं कि खाने के दौरान प्लेट में बाल निकल आया। इसको लेकर प्रशांत ने होटल मैनेजमेंट से नाराजगी जताई।
बात इस कदर बढ़ी कि होटल के स्टाफ ने तीनों को जमकर मारा। इसके बाद पुलिस भी बुला ली। पुलिस पहुंची तो सीधे होटल स्वामी की ही तरफदारी करने लगी और तीनों को उठाकर कोतवाली ले गई।
विज्ञापन
पुलिस ने होटल स्वामी नवीन अग्रवाल की तहरीर पर प्रशांत, विनय व अनुज के खिलाफ मारपीट, अवैध वसूली की मांग, जान से मरने की धमकी समेत कई संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली।
आरोप है कि कोतवाली ले जाने के बाद पुलिस ने भी तीनों की पिटाई की। इधर खबर परिवार को लगी, तो परिवार मिश्रिख विधायक रामकृष्ण भार्गव व सदर विधायक राकेश राठौर के पास पहुंचा।
दोनों विधायक पीड़ितों के परिवार को लेकर कोतवाली पहुंचे और पीड़ितों की तहरीर पर होटल स्वामी व पिटाई करने वाले लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग करने लगे, लेकिन प्रभारी निरीक्षक धर्मेश रघुवंशी रिपोर्ट दर्ज करने से इन्कार करने लगे।
इस पर दोनों विधायक रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग को लेकर कोतवाली में ही धरने पर बैठ गए। विधायकों के धरने पर बैठते ही कोतवाली में हड़कंप मच गया।
विधायकों के हस्तक्षेप के बाद जब तीनों पीड़ितों को जिला अस्पताल भेजा गया। पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज किए जाने के आश्वासन के बाद विधायकों का धरना समाप्त हुआ।
विज्ञापन
सीतापुर। अपनी ही सरकार में रिपोर्ट दर्ज करवाने के लिए दो भाजपा विधायकों को रविवार को कोतवाली में धरने पर बैठना पड़ा।
हालांकि विधायकों के धरना देते ही मिश्रिख कोतवाली पुलिस ने मारपीट के आरोपी होटल स्वामी समेत कई लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया।
बताते हैं कि मिश्रिख के रन्नपुर निवासी पालिका चेयरमैन रामशंकर वर्मा का पुत्र प्रशांत (36) मोहल्ले के ही विनय (20) व अनुज (31) के साथ शनिवार को जिला मुख्यालय आया था।
शनिवार रात शहर के एक होटल में तीनों खाना खाने पहुंचे। बताते हैं कि खाने के दौरान प्लेट में बाल निकल आया। इसको लेकर प्रशांत ने होटल मैनेजमेंट से नाराजगी जताई।
विज्ञापन
बात इस कदर बढ़ी कि होटल के स्टाफ ने तीनों को जमकर मारा। इसके बाद पुलिस भी बुला ली। पुलिस पहुंची तो सीधे होटल स्वामी की ही तरफदारी करने लगी और तीनों को उठाकर कोतवाली ले गई।
विज्ञापन
पुलिस ने होटल स्वामी नवीन अग्रवाल की तहरीर पर प्रशांत, विनय व अनुज के खिलाफ मारपीट, अवैध वसूली की मांग, जान से मरने की धमकी समेत कई संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली।
आरोप है कि कोतवाली ले जाने के बाद पुलिस ने भी तीनों की पिटाई की। इधर खबर परिवार को लगी, तो परिवार मिश्रिख विधायक रामकृष्ण भार्गव व सदर विधायक राकेश राठौर के पास पहुंचा।
दोनों विधायक पीड़ितों के परिवार को लेकर कोतवाली पहुंचे और पीड़ितों की तहरीर पर होटल स्वामी व पिटाई करने वाले लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग करने लगे, लेकिन प्रभारी निरीक्षक धर्मेश रघुवंशी रिपोर्ट दर्ज करने से इन्कार करने लगे।
इस पर दोनों विधायक रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग को लेकर कोतवाली में ही धरने पर बैठ गए। विधायकों के धरने पर बैठते ही कोतवाली में हड़कंप मच गया।
विधायकों के हस्तक्षेप के बाद जब तीनों पीड़ितों को जिला अस्पताल भेजा गया। पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज किए जाने के आश्वासन के बाद विधायकों का धरना समाप्त हुआ।