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जोगिया ब्लॉक कार्यालय में गंदगी का ढेर
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
Updated Sun, 25 Dec 2016 10:24 PM IST
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जोगिया ब्लाक में गंदगी का अंबार लगा।
- फोटो : अमर उजाला
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सिद्धार्थनगर। जहां से गांव के विकास के लिए तमाम प्रकार की योजनाएं संचालित होती हैं। वही स्थान अगर विकास के अछूता हो तो अंदाजा लगा सकते हैं कि गांव के विकास के लिए जिम्मेदार कितना गंभीर होंगे। मामला जोगिया ब्लॉक का है। ब्लॉक परिसर में समस्याओं का अंबार है। यहां पर एक दशक पूर्व लाखों रुपये खर्च कर बीडीओ आवास व मीटिंग हाल कि लिए बन रहा भवन अभी तक अस्तित्व में नहीं आ सका है। परिसर में जगह-जगह गंदगी का ढेर लगा हुआ है और शौचालय ध्वस्त हैं। हैंडपंप भी खराब हैं, लेकिन जिम्मेदार समस्या को लेकर गंभीर नहीं हैं।
जोगिया ब्लॉक में कई समस्याएं हैं। 10 से अधिक कर्मचारियों वाले ब्लॉक में शुद्ध पेयजल की दरकार है। इसके साथ ही ब्लॉक परिसर में हर तरफ गंदगी का ढेर लगा है, शौचालय भी ध्वस्त हो चुका है। मीटिंग हॉल व बीडीओ आवास के लिए 10 वर्ष पूर्व भवन निर्माण होना शुरू हुआ, लेकिन आज तक भवन का निर्माण पूरा नहीं हुआ। छत व प्लास्टर के अभाव में भवन पूरा होने से पहले जर्जर हो रहा है। मगर जिन कंधों पर जिम्मेदारी है वे गंभीर नहीं हैं।
ब्लॉक की यह स्थिति है, जहां से विकास की योजनाएं चल रही हैं। यहां हर वर्ष क्षेत्र में हजारों की संख्या में शौचालय बनाने के लिए धन अवमुक्त किए जाते हैं, स्वच्छता अभियान का संचालन होता है। जब इन बातों पर खुद विभागीय जिम्मेदार गंभीर नहीं हैं तो वह गांव को स्वच्छ बनाने में कैसे योगदान देंगे। इस संबंध में बीडीओ अशोक कुमार पांडेय ने कहा कि अभी जल्द ही ब्लॉक पर तैनाती हुई है। समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
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जोगिया ब्लॉक में कई समस्याएं हैं। 10 से अधिक कर्मचारियों वाले ब्लॉक में शुद्ध पेयजल की दरकार है। इसके साथ ही ब्लॉक परिसर में हर तरफ गंदगी का ढेर लगा है, शौचालय भी ध्वस्त हो चुका है। मीटिंग हॉल व बीडीओ आवास के लिए 10 वर्ष पूर्व भवन निर्माण होना शुरू हुआ, लेकिन आज तक भवन का निर्माण पूरा नहीं हुआ। छत व प्लास्टर के अभाव में भवन पूरा होने से पहले जर्जर हो रहा है। मगर जिन कंधों पर जिम्मेदारी है वे गंभीर नहीं हैं।
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ब्लॉक की यह स्थिति है, जहां से विकास की योजनाएं चल रही हैं। यहां हर वर्ष क्षेत्र में हजारों की संख्या में शौचालय बनाने के लिए धन अवमुक्त किए जाते हैं, स्वच्छता अभियान का संचालन होता है। जब इन बातों पर खुद विभागीय जिम्मेदार गंभीर नहीं हैं तो वह गांव को स्वच्छ बनाने में कैसे योगदान देंगे। इस संबंध में बीडीओ अशोक कुमार पांडेय ने कहा कि अभी जल्द ही ब्लॉक पर तैनाती हुई है। समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
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