फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Siddharthnagar News ›   Block major household name in the category of eligible households

पात्र गृहस्थी परिवारों की श्रेणी में ब्लॉक प्रमुख का भी नाम

Thu, 23 Jun 2016 12:18 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ,सिद्धार्थनगर
ब्यूरो/अमर उजाला ,सिद्धार्थनगर Updated Thu, 23 Jun 2016 12:18 AM IST
विज्ञापन
Block major household name in the category of eligible households
ब्लाक प्रमुखा का नाम पात्र गृहस्थी काडऱ्र्ड में। - फोटो : अमर उजाला
 इसे त्रुटि कहें या गरीबों के हक पर डाका। सरकार से सस्ता खाद्यान्न-तेल पाने वालों की सूची में जिले के एक ब्लॉक प्रमुख का भी नाम शामिल है। आपूर्ति कार्यालय के दस्तावेजों में पूरे परिवार समेत नौगढ़ ब्लॉक प्रमुख शफीक अहमद का नाम पात्र गृहस्थी परिवारों की पात्रता सूची में अंकित है। उन्हेें खेतिहर मजदूर बताते हुए महज 28 हजार रुपये वार्षिक आय दर्शाई गई है। हालांकि ब्लॉक प्रमुख खुद इन आंकड़ों को झूठलाते हुए खुद को अपात्र बता रहे हैं। मगर पात्रता सूची में नाम शामिल होने से इनकार भी नहीं कर रहे।
विज्ञापन

नगर से सटे भीमापार गांव निवासी शफीक अहमद दोगुने अंतर से जीत दर्ज कर नौगढ़ ब्लॉक प्रमुख निर्वाचित हुए थे। नाटकीय घटनाक्रम के चलते उनका चुनाव पूरे जिले में चर्चित रहा। अब पात्र गृहस्थी परिवारों की सूची में नाम आने के बाद फिर से चर्चा में आ गए हैं। जिला पूर्ति कार्यालय के रिकार्ड के मुताबिक ब्लॉक प्रमुख शफीक अहमद पुत्र अब्दुल अजीज का नाम भीमापार गांव के पात्र गृहस्थी परिवारों की सूची में शामिल हैं। उनके साथ पत्नी, चार पुत्र व दो पुत्रियों का नाम भी सूची में अंकित है। बता दें कि पात्र गृहस्थी ऐसे गरीब व असक्षम परिवारों की श्रेणी है, जिन्हें जीवन निर्वाह के लिए सरकार से पांच किलो प्रति सदस्य के अनुसार सस्ते दर पर खाद्यान्न दिया जाता है। सूची में ब्लॉक प्रमुख की कुल वार्षिक आय 28 हजार रुपये दर्शाई गई है। उनके पास घर में गैस कनेक्शन भी नहीं है।
विज्ञापन


मुझे करीब डेढ़-दो माह पूर्व इस बारे में जानकारी मिली थी, तभी मैने विभाग के कंप्यूटर बाबू को नाम हटाने के लिए कहा था। तब बताया गया कि त्रुटि से नाम आ गया है, अपने आप हट जाएगा। हम आश्वस्त थे कि नाम काट दिया गया होगा। हम अपात्र हैं, गरीबों के हिस्से का खाद्यान्न हमें नहीं चाहिए। अब तक इस श्रेणी का एक दाना लिया भी नहीं है। विभाग से दोबारा संपर्क कर नाम कटवाएंगे। -शफीक अहमद, ब्लॉक प्रमुख, नौगढ़।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed