फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Siddharthnagar News ›   awared to crop waste management

फसल अवशेष के प्रबंधन के लिए किया जागरूक

Fri, 09 Sep 2022 12:24 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 09 Sep 2022 12:24 AM IST
विज्ञापन
awared to crop waste management
इटवा क्षेत्र के गौरा गांव में फसल अवशेष प्रबंधन कार्यक्रम में किसानों को संबोधित करते कृषि वैज्? - फोटो : SIDDHARTHNAGAR
फसल अवशेष के प्रबंधन के लिए किया जागरूक
विज्ञापन

इटवा। कृषि विज्ञान केंद्र सोहना की ओर से बृहस्पतिवार को इटवा तहसील क्षेत्र के गौरा गांव में आयोजित कार्यक्रम में किसानों को फसल के अवशेष के प्रबंधन के बारे में जानकारी दी गई। उसके फायदे बताए गए।
फसल सुरक्षा वैज्ञानिक डॉ. प्रदीप कुमार ने बताया कि फसल अवशेष को जलाने से कॉर्बन डाईऑक्साइड, कार्बन मोनोऑक्साइड, सल्फर डाईऑक्साइड तथा पार्टिकुलेट मैटर आदि जहरीले पदार्थ पर्यावरण पर्यावरण प्रदूषित करते हैं। इसलिए फसल अवशेष कदापि न जलाएं।
विज्ञापन

प्रसार वैज्ञानिक डॉ. एसएन सिंह ने किसानों को बताया की फसल अवशेष को जलाएं नहीं, बल्कि खेत में आधुनिक मशीनों से जुताई कर दें। फसल अवशेष सड़कर मृदा की उर्वरकता बढ़ाने में सहायक बनते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

डॉ. सर्वजीत ने किसानों को बताया कि फसल अवशेष से कंपोस्ट, वर्मी कंपोस्ट तैयार करें और उसे खेत में प्रयोग करें। रासायनिक खाद पर निर्भरता कम करें। डॉ. एसके मिश्रा ने कहा कि किसान फसल कटाई के बाद फसल अवशेष खेतों में ही रहते हुए सुपर सीडर से अगली फसल की बुआई करें। मृदा विशेषज्ञ प्रवेश कुमार ने बताया फसल अवशेष जलाने से उसके पोषक तत्व नष्ट हो जाते हैं। साथ ही साथ जिस स्थान पर फसल अवशेष जलाए जाते हैं, उस स्थान पर मृदा में उपस्थित सूक्ष्म जीव नष्ट हो जाते हैं। इस दौरान राम हरीश, सच्चिदानंद उपाध्याय, राम बहादुर कल्लू, कुसुमती, रामधनी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed