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65 बीघा खेत राप्ती में समाए
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जमुनहा (श्रावस्ती)। जिले में भले ही बरसात न होने से खेत प्यासे हैं, लेकिन नेपाल सहित पहाड़ों पर होने वाली बरसात के कारण राप्ती का जलस्तर कभी घट तो कभी बढ़ रहा है। वहीं घटते बढ़ते जलस्तर के साथ नदी ने अपने किनारों पर कटान तेज कर दी है। रविवार को करीब 65 बीघा खेत फसल सहित नदी की धारा में समाहित हो गए। इससे किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
नेपाल सहित पहाड़ों पर होने वाली बरसात के कारण राप्ती का जलस्तर शनिवार शाम अचानक बढ़ने लगा। जो मध्य रात से तेजी के साथ घट रहा है। हालांकि जमुनहा के राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर सामान्य से नीचे ही रहा।
इस घटते बढ़ते जलस्तर के कारण राप्ती ने अपने किनारों पर कटान तेज कर दी है। इसके चलते कछार के किसानों के खेत में लगी धान, मक्का, ज्वार, बाजरा आदि फसलें खेत सहित कट कर नदी की धारा में समाने लगी है।
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रविवार को राप्ती की कटान की जद में आने से लक्ष्मनपुर बैराज के गजोबरी, भरथा, हसनापुर, बरनगा, बालू, घाटे पुरवा, सलारू पुरवा, वीरपुर लौकिहा, असरफ नगर, सर्रा, लक्ष्मनपुर सेमरहनिया सहित मधवापुर घाट के पास बंदरवा बाबा कुट्टी व शिकारी गांव में किसानों का करीब 65 बीघा खेत फसल सहित कट कर नदी की धारा में विलीन हो गया है।
इससे किसानों के सामने मुश्किलें खड़ी हो गई है। किसानों को खेत व फसल कट जलाने से अन्न सहित परिवार के जीविकोपार्जन की चिंता सताने लगी है।
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नेपाल सहित पहाड़ों पर होने वाली बरसात के कारण राप्ती का जलस्तर शनिवार शाम अचानक बढ़ने लगा। जो मध्य रात से तेजी के साथ घट रहा है। हालांकि जमुनहा के राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर सामान्य से नीचे ही रहा।
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इस घटते बढ़ते जलस्तर के कारण राप्ती ने अपने किनारों पर कटान तेज कर दी है। इसके चलते कछार के किसानों के खेत में लगी धान, मक्का, ज्वार, बाजरा आदि फसलें खेत सहित कट कर नदी की धारा में समाने लगी है।
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रविवार को राप्ती की कटान की जद में आने से लक्ष्मनपुर बैराज के गजोबरी, भरथा, हसनापुर, बरनगा, बालू, घाटे पुरवा, सलारू पुरवा, वीरपुर लौकिहा, असरफ नगर, सर्रा, लक्ष्मनपुर सेमरहनिया सहित मधवापुर घाट के पास बंदरवा बाबा कुट्टी व शिकारी गांव में किसानों का करीब 65 बीघा खेत फसल सहित कट कर नदी की धारा में विलीन हो गया है।
इससे किसानों के सामने मुश्किलें खड़ी हो गई है। किसानों को खेत व फसल कट जलाने से अन्न सहित परिवार के जीविकोपार्जन की चिंता सताने लगी है।