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Shamli: मिल में धरने पर खाप चौधरियों की हूटिंग, नाराज भाकियू अध्यक्ष नरेश टिकैत और खाप चौधरी धरने से उठे
Fri, 11 Oct 2024 11:29 PM IST
मोहम्मद मुस्तकीम
अमर उजाला नेटवर्क, शामली
अमर उजाला नेटवर्क, शामली
Published by: मोहम्मद मुस्तकीम
Updated Fri, 11 Oct 2024 11:29 PM IST
सार
धरने पर जब फैसला खाप चौधरियों पर छोड़ा गया तो नाराज किसानों ने कहा कि पहले भी इन्होंने धरना उठवा दिया था। लेकिन इस बार वे भुगतान लेकर ही उठेंगे।
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धरने पर बैठे खाप चौधरी, नरेश टिकैत और किसान।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बकाया गन्ना भुगतान की मांग को लेकर किसानों के शुगर मिल पर चल रहे धरने में भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत की मौजूदगी में हंगामा खड़ा हो गया। एक पक्ष ने कहा कि खाप चौधरी इसका फैसला करेंगे कि धरना आगे चलेगा या नहीं, इस पर कुछ किसानों ने हूटिंग करते हुए खाप चौधरियों पर विश्वास जताने से इनकार कर दिया। जिस पर खाप चौधरी गुस्सा होकर धरना स्थल से चले गए। हालांकि, बाद में उन्हें मनाकर लाया गया।
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बकाया गन्ना भुगतान की मांग को लेकर शामली कलक्ट्रेट और शुगर मिल शामली में किसान और खाप चौधरियों का धरना चल रहा है। शुक्रवार को शुगर मिल धरने में भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत शाम पांच बजे पहुंचे। सर्वखाप समन्वय किसान मंच के अध्यक्ष संजीव ने कहा कि किसानों की मांग जायज है। धरने को लेकर जो भी फैसला होगा वह खाप चौधरी सुनाएंगे। इस पर कुछ किसानों ने हूटिंग शुरू कर दी और कहा कि पहले भी खाप चौधरियों ने धरना उठवा दिया था। उन्हें इन पर विश्वास नहीं।
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इतना कहते ही धरनास्थल पर हंगामा खड़ा हो गया। किसानों के दो पक्ष आपस में उलझ गए। इस दौरान कालखंडे खाप के चौधरी बाबा संजय और अन्य खाप चौधरियों ने कहा कि जब चौधरियों का सम्मान ही नहीं तो उनके यहां आने का कोई फायदा नहीं है। खाप चौधरी धरनास्थल से उठकर चले गए। जिसको लेकर काफी देर तक हंगामा चलता रहा। बाद में किसानों ने माफी मांगते हुए खाप चौधरियों को मौके पर बुलाया।
भाकियू अध्यक्ष ने कहा कि कुछ किसानों का यह व्यवहार गलत है। सभी लोग किसानों के लिए ही बैठे हैं। किसानों की मांग जायजा है। इस तरह का रास्ता निकाल लो, जो धरना भी चलता रहे और मिल भी बंद न हो। वह किसानों के साथ हैं। संजीव शास्त्री ने कहा कि बकाया भुगतान लेने पर ही उठेंगे। बाद में 11 सदस्यीय कमेटी गठित की गई। कमेटी के सदस्य देर शाम डीएम रविंद्र कुमार चौहान से मिले। डीएम ने आगामी सितंबर माह तक भुगतान की बात कही।
धरने में धरने बाबा श्याम सिंह, बाबा रविंद्र, बाबा शोकिंद्र, विनय कुमार, थांबेदार हरेंद्र, भाकियू जिलाध्यक्ष्र कालिंदर मलिक, ओमपाल मलिक, रविंद्र राणा, युद्धवीर प्रधान, आकाश चौधरी, आशू, संजीव शास्त्री आदि मौजूद रहे।
एक दूसरे पर लगाए आरोप
सर्वखाप समन्वय किसान मंच के अध्यक्ष मा. संजीव ने कहा कि खाप चौधरी सबके हैं, उनका मान रखना हर किसी की जिम्मेदारी है। संजीव शास्त्री का कहना है कि उन्होंने कोई हंगामा नहीं कराया। बकाया भुगतान नहीं होने तक धरना जारी रहेगा। किसानों की मांग को पूरा कराकर ही दम लेंगे।
सर्वखाप समन्वय किसान मंच के अध्यक्ष मा. संजीव ने कहा कि खाप चौधरी सबके हैं, उनका मान रखना हर किसी की जिम्मेदारी है। संजीव शास्त्री का कहना है कि उन्होंने कोई हंगामा नहीं कराया। बकाया भुगतान नहीं होने तक धरना जारी रहेगा। किसानों की मांग को पूरा कराकर ही दम लेंगे।
मिल प्रशासन बोला वार्ता रही सफल, किसान बोले, धरना रहेगा जारी
देर रात किसानों, डीएम और मिल प्रशासन के बीच चल रहे धरने को लेकर वार्ता हुई। मिल प्रशासन ने कहा कि वार्ता सफल रही। किसान दोनों धरने खत्म करने को तैयार हो गए हैं। उधर, किसान नेता संजीव शास्त्री ने कहा कि मिल के अधिकारी संपूर्ण बकाया भुगतान देने को तैयार नहीं है, जिसके कारण धरना आगे भी जारी रहेगा, वार्ता विफल रही।
देर रात किसानों, डीएम और मिल प्रशासन के बीच चल रहे धरने को लेकर वार्ता हुई। मिल प्रशासन ने कहा कि वार्ता सफल रही। किसान दोनों धरने खत्म करने को तैयार हो गए हैं। उधर, किसान नेता संजीव शास्त्री ने कहा कि मिल के अधिकारी संपूर्ण बकाया भुगतान देने को तैयार नहीं है, जिसके कारण धरना आगे भी जारी रहेगा, वार्ता विफल रही।
शामली शुगर मिल के अधिकारियों ने बताया कि किसानों के बकाया गन्ना भुगतान के लिए 25 करोड़ की राशि सोसाइटी को भेज दी है। सोमवार को किसानों के खातों में राशि भेज दी जाएगी। इस भुगतान को भेजने के बाद मिल पर 162 करोड़ रुपये की राशि शेष रह गई। नवंबर माह में भी 25 करोड़ की राशि किसानों को भेज दी जाएगी। एक साल के अंदर पूरा भुगतान कर दिया जाएगा। एडीएम संतोष कुमार का कहना है कि मिल प्रशासन को जल्द से जल्द किसानों को राशि देने को कहा गया है। यदि मिल चलाने में देरी होती है तो पेराई सत्र भी देरी से शुरू होगा।