{"_id":"57000eb14f1c1bdc78f00356","slug":"sabotage-reached-the-opposing-team-hungama","type":"story","status":"publish","title_hn":"तोड़फोड़ करने पहुंची टीम का विरोध, हंगामा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तोड़फोड़ करने पहुंची टीम का विरोध, हंगामा
ब्यूरो/अमर उजाला, शामली
Updated Sat, 02 Apr 2016 11:56 PM IST
विज्ञापन
revel
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली। मेरठ-करनाल फोरलेन हाईवे के लिए शहर में सड़क चौड़ीकरण को लेकर विवाद गरमा गया। सड़क चौड़ी करने के लिए तोड़फोड़ करने पहुंची टीम का लोगों ने विरोध कर दिया। काफी देर तक हंगामा चला, बाद में सड़क के बीच से दोनों ओर बराबर जमीन लेने पर सहमति बनी।
फोरलेन हाईवे में शहर के अजंता चौक से बुढ़ाना रोड पर दयानंदनगर वाले नाले तक कार्य अधर में लटका हुआ है। शुक्रवार रात निर्माण एजेंसी के ठेकेदार और अन्य लोग अजंता चौक से बलभद्र मंदिर के बीच में सड़क चौड़ीकरण कराने पहुंच गए।
इस दौरान उन्होंने खादी प्लेनेट वालों के बाहर का हिस्सा तोड़ना शुरू किया, तो लोग इकट्ठा हो गए। भारतीय किसान मजदूर के नेता राजवीर सिंह मुंडेट सहित अन्य लोगों ने मौके पर पहुंचकर टीम का विरोध किया। इसके चलते मौके पर हंगामा हो गया।
विज्ञापन
राजवीर सिंह मुंडेट ने बताया कि खादी प्लेनेट के संचालक राजेंद्र सिंह के पास जिलाधिकारी का वह आदेश भी है, जिसमें सड़क के बीच से दोनों तरफ बराबर जमीन लेने को कहा गया है। टीम को वही आदेश दिखाया गया, जिसके बाद हंगामा शांत हो सका।
विज्ञापन
फोरलेन हाईवे में शहर के अजंता चौक से बुढ़ाना रोड पर दयानंदनगर वाले नाले तक कार्य अधर में लटका हुआ है। शुक्रवार रात निर्माण एजेंसी के ठेकेदार और अन्य लोग अजंता चौक से बलभद्र मंदिर के बीच में सड़क चौड़ीकरण कराने पहुंच गए।
विज्ञापन
इस दौरान उन्होंने खादी प्लेनेट वालों के बाहर का हिस्सा तोड़ना शुरू किया, तो लोग इकट्ठा हो गए। भारतीय किसान मजदूर के नेता राजवीर सिंह मुंडेट सहित अन्य लोगों ने मौके पर पहुंचकर टीम का विरोध किया। इसके चलते मौके पर हंगामा हो गया।
विज्ञापन
राजवीर सिंह मुंडेट ने बताया कि खादी प्लेनेट के संचालक राजेंद्र सिंह के पास जिलाधिकारी का वह आदेश भी है, जिसमें सड़क के बीच से दोनों तरफ बराबर जमीन लेने को कहा गया है। टीम को वही आदेश दिखाया गया, जिसके बाद हंगामा शांत हो सका।