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गैरहाजिर रहने वाले गन्ना शोध परिषद के दो कर्मचारी सेवा से बर्खास्त
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शाहजहांपुर। अवकाश लिए बगैर अक्सर ड्यूटी से गायब रहने वाले गन्ना शोध परिषद के दो कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। लखनऊ में परिषद के क्रियाकलापों की शुक्रवार को हुई समीक्षा बैठक में गन्ना आयुक्त संजय आर भूसरेड्डी के निर्देश पर परिषद के निदेशक वीके शुक्ला ने बर्खास्तगी की कार्रवाई की।
परिषद के सूत्रों के अनुसार बर्खास्त कर्मचारियों में परिषद मुख्यालय के पुस्तकालय अनुभाग में कार्यरत कर्मचारी साधना सक्सेना और जमुनाबाद (गोला गोकर्णनाथ) शोध केंद्र पर तैनात प्रक्षेत्र मजदूर मोबीन अंसारी शामिल हैं। बताया गया यह दोनों कर्मचारी दो दशक से अधिक समय से परिषद में कार्यरत थे और अभी उनकी एक-डेढ़ दशक की सेवाएं शेष थीं। यह कर्मचारी माह में सिर्फ एक-दो बार कार्यालय आकर उपस्थिति पंजिका में पूरे माह की हाजिरी भरकर वेतन ले रहे थे।
इस संबंध में दोनों कर्मचारियों को कई बार चेतावनी पत्र और कारण बताओ नोटिस दिए गए लेकिन उनके कार्य आचरण में कोई सुधार नहीं आया। समीक्षा बैठक में गन्ना आयुक्त भूसरेड्डी को इस बारे में अवगत कराया गया तो उन्होंने निदेशक को दोनों कर्मचारी तत्काल बर्खास्त करने के निर्देश दिए। बैठक में परिषद के सेवरही और मुजफ्फरनगर केंद्र पर मृदा परीक्षण और मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरण की प्रगति लचर देख आयुक्त ने वहां प्रयोगशालाओं की क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए।
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लंबे समय से ड्यूटी से लगातार अनुपस्थित रहने और शासकीय कार्यों में रुचि नहीं लेने के कारण दोनों कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई कर उनको सेवा से बर्खास्त किया गया है। बैठक में गन्ना आयुक्त ने इस प्रकरण को लेकर नाराजगी जाहिर कर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। -वीके शुक्ला, निदेशक, उप्र गन्ना शोध परिषद
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परिषद के सूत्रों के अनुसार बर्खास्त कर्मचारियों में परिषद मुख्यालय के पुस्तकालय अनुभाग में कार्यरत कर्मचारी साधना सक्सेना और जमुनाबाद (गोला गोकर्णनाथ) शोध केंद्र पर तैनात प्रक्षेत्र मजदूर मोबीन अंसारी शामिल हैं। बताया गया यह दोनों कर्मचारी दो दशक से अधिक समय से परिषद में कार्यरत थे और अभी उनकी एक-डेढ़ दशक की सेवाएं शेष थीं। यह कर्मचारी माह में सिर्फ एक-दो बार कार्यालय आकर उपस्थिति पंजिका में पूरे माह की हाजिरी भरकर वेतन ले रहे थे।
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इस संबंध में दोनों कर्मचारियों को कई बार चेतावनी पत्र और कारण बताओ नोटिस दिए गए लेकिन उनके कार्य आचरण में कोई सुधार नहीं आया। समीक्षा बैठक में गन्ना आयुक्त भूसरेड्डी को इस बारे में अवगत कराया गया तो उन्होंने निदेशक को दोनों कर्मचारी तत्काल बर्खास्त करने के निर्देश दिए। बैठक में परिषद के सेवरही और मुजफ्फरनगर केंद्र पर मृदा परीक्षण और मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरण की प्रगति लचर देख आयुक्त ने वहां प्रयोगशालाओं की क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए।
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लंबे समय से ड्यूटी से लगातार अनुपस्थित रहने और शासकीय कार्यों में रुचि नहीं लेने के कारण दोनों कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई कर उनको सेवा से बर्खास्त किया गया है। बैठक में गन्ना आयुक्त ने इस प्रकरण को लेकर नाराजगी जाहिर कर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। -वीके शुक्ला, निदेशक, उप्र गन्ना शोध परिषद