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टूटी सड़क पर कीचड़ से परेशान गुरगवां के ग्रामीण
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निगोही के गांव गुरगबां लिंक मार्ग हुआ दलदल। संवाद
- फोटो : SHAHJAHANPUR
निगोही। क्षेत्र के गांव गुरगवां के तीन सौ से अधिक ग्रामीण कीचड़ से निकलने पर मजबूर हैं। कई बार शिकायत के बावजूद पीडब्लूडी लिंक मार्ग ठीक नहीं किया गया है। बरसात में लोगों का बाहर निकलना मुश्किल हो गया है।
पीलीभीत मार्ग के किनारे स्थित शाहजहांपुर से 15 किमी दूरी पर बसा तीन हजार आबादी वाले गांव गुरगवां के रहने वाले लोगों की स्थिति बहुत बेबस है। तकरीबन ढाई दशक पहले पीडब्ल्यूडी ने शाहजहांपुर-पीलीभीत मार्ग से जोड़ने के लिए रीतिराम के मकान से गांव गुरगवां के बीच से होता हुआ पीलीभीत मार्ग के शिवाला तक डेढ़ किमी लिंक रोड का निर्माण कराया था।
इस लिंक मार्ग से होकर गांव भड़ेरी, इमलिया सहित आधा दर्जन गांव के लोगों का आवागमन रहता है। शाहजहांपुर-पीलीभीत रेलवे लाइन के आमान परिवर्तन के लिए इस लिंक मार्ग से भारी वाहनों का आवागमन रहा, जिससे पूरा मार्ग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और जगह-जगह गड्ढे हो गए। गांव के गिरिधारी के मकान से लेकर बृजपाल के मकान तक तीन सौ मीटर दूरी की सड़क पूरी तरह दलदल में बदल गई है। यहां से पैदल निकलना भी मुश्किल है।
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पीलीभीत मार्ग के किनारे स्थित शाहजहांपुर से 15 किमी दूरी पर बसा तीन हजार आबादी वाले गांव गुरगवां के रहने वाले लोगों की स्थिति बहुत बेबस है। तकरीबन ढाई दशक पहले पीडब्ल्यूडी ने शाहजहांपुर-पीलीभीत मार्ग से जोड़ने के लिए रीतिराम के मकान से गांव गुरगवां के बीच से होता हुआ पीलीभीत मार्ग के शिवाला तक डेढ़ किमी लिंक रोड का निर्माण कराया था।
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इस लिंक मार्ग से होकर गांव भड़ेरी, इमलिया सहित आधा दर्जन गांव के लोगों का आवागमन रहता है। शाहजहांपुर-पीलीभीत रेलवे लाइन के आमान परिवर्तन के लिए इस लिंक मार्ग से भारी वाहनों का आवागमन रहा, जिससे पूरा मार्ग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और जगह-जगह गड्ढे हो गए। गांव के गिरिधारी के मकान से लेकर बृजपाल के मकान तक तीन सौ मीटर दूरी की सड़क पूरी तरह दलदल में बदल गई है। यहां से पैदल निकलना भी मुश्किल है।
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