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20 साल के बाद भी सियासत की बंजर भूमि पर जीत की फसल नहीं लहरा पाई कांग्रेस

Fri, 11 Mar 2022 01:49 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 11 Mar 2022 01:49 AM IST
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Even after 20 years, Congress could not wave the crop of victory on the barren land of politics
चुनाव हार ने के बाद घर जाते नगर विधान सभा के कांग्रेस प्रत्याशी पूनम पांडेय । संवाद - फोटो : SHAHJAHANPUR
शाहजहांपुर। बीते वर्षों में जनपद में सितारे की तरह चमकने वाली कांग्रेस पार्टी 20 वर्ष के बाद भी सियासत की बंजर भूमि पर जीत का सूखा खत्म नहीं कर पाई। 2022 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस खाता खोलने के लिए प्रयास में थी। इसके चलते कांग्रेस ने टिकट बंटवारे से लेकर चुनाव लड़ने तक में काफी सक्रियता दिखाई थी। नतीजा आने के बाद प्रत्याशियों से लेकर वरिष्ठ नेताओं तक के चेहरे लटक गए हैं।
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जनपद में कांग्रेस का केंद्र बिंदू प्रसाद भवन हुआ करता था। पार्टी के वरिष्ठ नेता जितेंद्र प्रसाद उर्फ बाबा साहब के समय में कांग्रेस के जनपद में कई नेताओं ने चुनाव जीतकर जनपद का प्रतिनिधित्व किया। बाबा साहब के निधन के बाद जनपद में तिलहर सीट से वीरेंद्र प्रताप सिंह मुन्ना जीते थे। उसके बाद 2004 में लोकसभा के चुनाव में जितिन प्रसाद ने रिकार्ड मतों से विजय प्राप्त की थी। वह केंद्रीय मंत्री भी बने।
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उसके बाद 2007 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का सूपड़ा साफ हो गया। कोई भी प्रत्याशी जीत दर्ज नहीं कर सका। 2012 और 2017 में पार्टी का प्रदर्शन काफी निराशाजनक रहा। 2022 के चुनाव से पहले जितिन प्रसाद के पाला बदलने के बाद कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व ने शाहजहांपुर पर विशेष फोकस रखा। जनपद में बिखर चुकी कांग्रेस को एक सूत्र में बांधकर नए सिरे से मजबूूती देने का काम शुरू किया।
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प्रांतीय नेताओं का कई बार यहां आना हुआ। संदेश दिया कि जितिन के जाने के बाद कांग्रेस का कोई नुकसान नहीं हुआ। इस बीच चुनाव में पार्टी ने अपना अंदाज बदला और टिकटों के बंटवारे से लेकर फूंक-फूंक कर कदम रखा। लेकिन, कांग्रेस के सारे हथकंडे फेल हो गए। 20 साल से सियासत की बंजर जमीन पर फसल उगाने के लिए बेताब कांग्रेस को एक बार फिर से पराजय का सामना करना पड़ा।

हम उसूलों और सिद्धांतों की राजनीति करते हैं। कांग्रेस ने जाति-धर्म को आगे कर चुनाव नहीं लड़ा। यूपी की चुनाव में धर्म सबसे ज्यादा हावी रहा। क्षेत्रीय दलों ने हमारा सबसे ज्यादा नुकसान किया है। - पवन कुमार सिंह, कार्यवाहक जिलाध्यक्ष
कांग्रेस प्रत्याशियों को मिले वोट
- कटरा विधानसभा से मुन्ना सिंह नवादा को 17495 वोट प्राप्त हुए।
- सदर विधानसभा सीट से पूनम पांडेय को 1367 वोट मिले।
- ददरौल विधानसभा से तनवीर सफदर खान को 1436 मत हासिल हुए।
- जलालाबाद से प्रत्याशी गुरमीत कौर को सिर्फ 1256 लोगों ने वोट दिया।
- पुवायां से अनुज कुमारी को 2488 वोट प्राप्त हुए हैं।
- तिलहर विधानसभा से रजनीश गुप्ता को 3082 वोट मिले हैं।
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