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दुराचार के मुकदमे में आरोपी को सात वर्ष की कैद
Updated Thu, 05 Apr 2018 08:23 PM IST
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दुराचार के जुर्म में सात साल की कैद
11 हजार पांच सौ रुपये का अर्थदंड भी लगा
वर्ष 2014 में जलालाबाद क्षेत्र के एक गांव की घटना
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर।
फास्ट ट्रैक के अपर सत्र न्यायाधीश संजय मिश्र ने दुराचार के मामले में आरोपी को दोष सिद्ध होने पर सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है, साथ ही 11500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
जलालाबाद क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला 8 जनवरी 2014 को गांव के बाहर गई थी, तभी टापर गांव निवासी पिंटू ने दुराचार किया, विरोध करने पर उसकी पिटाई भी की। पुलिस ने आरोपी पिंटू के खिलाफ दुराचार, मारपीट आदि की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय भेज दिया। कोर्ट ने मुकदमे में सुनवाई के दौरान गवाहों के बयान व सरकारी वकील मनोज कुमार मुनी के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी पिंटू को दोषी पाते हुए उसे सात वर्ष के कारावास की सजा व 11 हजार पांच सौ रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
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11 हजार पांच सौ रुपये का अर्थदंड भी लगा
वर्ष 2014 में जलालाबाद क्षेत्र के एक गांव की घटना
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर।
फास्ट ट्रैक के अपर सत्र न्यायाधीश संजय मिश्र ने दुराचार के मामले में आरोपी को दोष सिद्ध होने पर सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है, साथ ही 11500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
जलालाबाद क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला 8 जनवरी 2014 को गांव के बाहर गई थी, तभी टापर गांव निवासी पिंटू ने दुराचार किया, विरोध करने पर उसकी पिटाई भी की। पुलिस ने आरोपी पिंटू के खिलाफ दुराचार, मारपीट आदि की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय भेज दिया। कोर्ट ने मुकदमे में सुनवाई के दौरान गवाहों के बयान व सरकारी वकील मनोज कुमार मुनी के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी पिंटू को दोषी पाते हुए उसे सात वर्ष के कारावास की सजा व 11 हजार पांच सौ रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
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