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Shahjahanpur News: 38.4 मिमी गिरा पानी, 45 किमी रफ्तार से चली हवा
Sat, 28 Sep 2024 02:03 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sat, 28 Sep 2024 02:03 AM IST
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मां की छतरी: शुक्रवार को बारिश हुई तो टाउनहॉल में इस बाइक सवार महिला ने पॉलीथीन ओढ़ ली जिसके
शाहजहांपुर। तेज हवा के साथ हुई बारिश से अधिकतम पारा लुढ़ककर न्यूनतम के करीब पहुंच गया है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे तक बादल छाए रहने के साथ बूंदाबांदी के आसार जताए हैं।
गन्ना शोध संस्थान के मौसम वैज्ञानिक डॉ. मनमोहन सिंह ने बताया कि 40 से 45 किमी की रफ्तार में हवा चली। इसके साथ 38.4 मिलीमीटर बारिश हुई है। बताया कि सितंबर में सामान्य बारिश 185 मिलीमीटर होती है। जबकि, इस बार अब तक 236 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 25.8 और न्यूनतम तापमान 25.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 32.6 और न्यूनतम तापमान 26.3 डिग्री सेल्सियस रहा था।
बृहस्पतिवार के मुकाबले शुक्रवार को अधिकतम तापमान में 6.8 और न्यूनतम तापमान में 1.1 डिग्री की गिरावट हुई। अधिकतम और न्यूनतम तापमान के बीच 0.6 डिग्री सेल्सियस का अंतर रह गया। डॉ. मनमोहन सिंह ने बताया कि वायुदाब छह मिलीबार गिरा हुआ है और वातावरण में आर्द्रता भी 95 प्रतिशत है।
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छह वर्ष का रिकार्ड टूटा
डॉ. मनमोहन सिंह ने बताया कि वर्ष 2018 में जून से लेकर सितंबर तक 1107 मिलीमीटर बारिश हुई थी। इस वर्ष जून से अब तक 955 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है। छह साल बाद सबसे अधिक बारिश हुई है।
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अगेती धान को हो सकता है नुकसान
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. एनसी त्रिपाठी ने बताया कि जिन किसानों ने धान की अगेती फसल की है। उनमें अब बाली भारी हो गई है। हवा चलने से उनको नुकसान हो सकता है। बाद में बोए गए धान को कोई नुकसान नहीं है। बारिश से गन्ना, दलहनी, तिलहनी और सब्जियों को फायदा हुआ है। खेत अगर पानी भरा रहेगा तो फसल को नुकसान हो सकता है।
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गन्ना शोध संस्थान के मौसम वैज्ञानिक डॉ. मनमोहन सिंह ने बताया कि 40 से 45 किमी की रफ्तार में हवा चली। इसके साथ 38.4 मिलीमीटर बारिश हुई है। बताया कि सितंबर में सामान्य बारिश 185 मिलीमीटर होती है। जबकि, इस बार अब तक 236 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 25.8 और न्यूनतम तापमान 25.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 32.6 और न्यूनतम तापमान 26.3 डिग्री सेल्सियस रहा था।
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बृहस्पतिवार के मुकाबले शुक्रवार को अधिकतम तापमान में 6.8 और न्यूनतम तापमान में 1.1 डिग्री की गिरावट हुई। अधिकतम और न्यूनतम तापमान के बीच 0.6 डिग्री सेल्सियस का अंतर रह गया। डॉ. मनमोहन सिंह ने बताया कि वायुदाब छह मिलीबार गिरा हुआ है और वातावरण में आर्द्रता भी 95 प्रतिशत है।
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छह वर्ष का रिकार्ड टूटा
डॉ. मनमोहन सिंह ने बताया कि वर्ष 2018 में जून से लेकर सितंबर तक 1107 मिलीमीटर बारिश हुई थी। इस वर्ष जून से अब तक 955 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है। छह साल बाद सबसे अधिक बारिश हुई है।
अगेती धान को हो सकता है नुकसान
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. एनसी त्रिपाठी ने बताया कि जिन किसानों ने धान की अगेती फसल की है। उनमें अब बाली भारी हो गई है। हवा चलने से उनको नुकसान हो सकता है। बाद में बोए गए धान को कोई नुकसान नहीं है। बारिश से गन्ना, दलहनी, तिलहनी और सब्जियों को फायदा हुआ है। खेत अगर पानी भरा रहेगा तो फसल को नुकसान हो सकता है।

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