{"_id":"6adfa692e1c838098a016a28","slug":"police-forgot-the-charge-sheet-accused-got-default-bail-khalilabad-news-c-209-1-kld1025-159573-2026-10-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: पुलिस भूली चार्जशीट, आरोपी को डिफॉल्ट बेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: पुलिस भूली चार्जशीट, आरोपी को डिफॉल्ट बेल
विज्ञापन
संतकबीरनगर। महुली पुलिस ने 1.5 किग्रा गांजा बरामद कर एक आरोपी को स्वतंत्रता दिवस से एक दिन पूर्व जिला कारागार भिजवा दिया लेकिन 60 दिन के भीतर आरोप पत्र दाखिल नहीं किया। इस मामले का न्यायालय ने गंभीरता से संज्ञान लिया और अभियुक्त के अधिवक्ता द्वारा पेश किए डिफॉल्ट बेल को स्वीकार कर आदेश की प्रति पुलिस अधीक्षक को भेजने का आदेश दिया है। मामले में पैरवी जनपद में स्थापित लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम ने की है।
लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम के चीफ अंजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि जिला कारागार में निरुद्ध गोरखपुर का हरपुर बुदहट थानाक्षेत्र के मझौरा गांव निवासी अंगद चौहान का कहना है कि महुली पुलिस द्वारा 14 अगस्त को 1.5 किग्रा गांजा की बरामदगी दिखाकर गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया, जबकि उसके पास से कोई मादक पदार्थ बरामद नहीं हुआ था।
पुलिस द्वारा फर्जी बरामदगी दिखाकर चालान किया गया। पुलिस द्वारा निर्धारित अवधि के भीतर आरोप पत्र नहीं प्रेषित किया गया। इन बातों का हवाला देकर लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम द्वारा एनडीपीएस कोर्ट में डिफॉल्ट बेल दाखिल किया गया। इस पर न्यायालय द्वारा महुली थाने से आख्या मांगी गई। इसके बावजूद कोई आख्या नहीं आई।
विज्ञापन
एनडीपीएस कोर्ट के प्रभारी अपर जिला जज सुनील कुमार सिंह ने मामले का संज्ञान लेते हुए डिफॉल्ट जमानत याचिका स्वीकार कर ली। इसके साथ ही आवश्यक कार्रवाई के लिए आदेश की प्रति पुलिस अधीक्षक को भेजने का आदेश पारित किया है।
विज्ञापन
लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम के चीफ अंजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि जिला कारागार में निरुद्ध गोरखपुर का हरपुर बुदहट थानाक्षेत्र के मझौरा गांव निवासी अंगद चौहान का कहना है कि महुली पुलिस द्वारा 14 अगस्त को 1.5 किग्रा गांजा की बरामदगी दिखाकर गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया, जबकि उसके पास से कोई मादक पदार्थ बरामद नहीं हुआ था।
विज्ञापन
पुलिस द्वारा फर्जी बरामदगी दिखाकर चालान किया गया। पुलिस द्वारा निर्धारित अवधि के भीतर आरोप पत्र नहीं प्रेषित किया गया। इन बातों का हवाला देकर लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम द्वारा एनडीपीएस कोर्ट में डिफॉल्ट बेल दाखिल किया गया। इस पर न्यायालय द्वारा महुली थाने से आख्या मांगी गई। इसके बावजूद कोई आख्या नहीं आई।
विज्ञापन
एनडीपीएस कोर्ट के प्रभारी अपर जिला जज सुनील कुमार सिंह ने मामले का संज्ञान लेते हुए डिफॉल्ट जमानत याचिका स्वीकार कर ली। इसके साथ ही आवश्यक कार्रवाई के लिए आदेश की प्रति पुलिस अधीक्षक को भेजने का आदेश पारित किया है।