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Sant Kabir Nagar News: पर्यटक स्थल विकसित होने से बदल जाएगी तस्वीर, बढ़ेंगे रोजगार
Tue, 17 Dec 2024 11:21 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Tue, 17 Dec 2024 11:21 PM IST
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कोपिया स्थित बौद्ध स्तूप।
संतकबीरनगर। प्रशासन ने पर्यटन विकास की मुहिम शुरू की है। इसके तहत धर्मसिंहवा और कोपिया बौद्ध टीला के विकास की योजना तैयार की गई है। इस पर अमल हुआ तो इन दोनों स्थलों की तस्वीर बदल जाएंगी।
इससे न सिर्फ आस-पास के क्षेत्र के विकास में तेजी आने की उम्मीद है। बल्कि रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। पर्यटक आकर्षित होंगे तो व्यवसायिक गतिविधियां भी बढ़ेंगी। साथ ही जिले में पर्यटकों को संत कबीर के दर्शन, बखिरा पक्षी बिहार के साथ ही गौतम बुद्ध के दर्शन का भी अहसास होगा।
आजादी के बाद से पुरातत्व के अवशेषों को अपने गर्भ में छिपाए धर्मसिंहवा अपने अस्तित्व को पाने के लिए तरस रहा है। यहां पर स्थित बौद्ध स्तूप काफी जर्जर हो चुका है। लोगों को डर सता रहा है कि अगर बौद्ध स्तूप का संरक्षण नहीं नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में यह जमींदोज हो सकता है।
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दो साल पहले बारिश के मौसम में यहां का ढांचा ढह गया था। बाद में बौद्ध स्तूप का नया ढांचा तैयार हुआ है। यहां आस- पास के खेतों में अब भी पुरातात्विक अवशेष मिलते रहते हैं। बताया जाता है कि इसका इतिहास करीब 2500 वर्ष पुराना है। अब इसके विकास की उम्मीद जगी है।
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इससे न सिर्फ आस-पास के क्षेत्र के विकास में तेजी आने की उम्मीद है। बल्कि रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। पर्यटक आकर्षित होंगे तो व्यवसायिक गतिविधियां भी बढ़ेंगी। साथ ही जिले में पर्यटकों को संत कबीर के दर्शन, बखिरा पक्षी बिहार के साथ ही गौतम बुद्ध के दर्शन का भी अहसास होगा।
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आजादी के बाद से पुरातत्व के अवशेषों को अपने गर्भ में छिपाए धर्मसिंहवा अपने अस्तित्व को पाने के लिए तरस रहा है। यहां पर स्थित बौद्ध स्तूप काफी जर्जर हो चुका है। लोगों को डर सता रहा है कि अगर बौद्ध स्तूप का संरक्षण नहीं नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में यह जमींदोज हो सकता है।
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दो साल पहले बारिश के मौसम में यहां का ढांचा ढह गया था। बाद में बौद्ध स्तूप का नया ढांचा तैयार हुआ है। यहां आस- पास के खेतों में अब भी पुरातात्विक अवशेष मिलते रहते हैं। बताया जाता है कि इसका इतिहास करीब 2500 वर्ष पुराना है। अब इसके विकास की उम्मीद जगी है।