{"_id":"67085b7a2e7459d2430b84d4","slug":"number-of-registries-increased-in-the-festive-season-500-deeds-done-in-10-days-sambhal-news-c-275-1-smbd1030-115321-2024-10-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sambhal News: त्योहारी सीजन में बढ़ी रजिस्ट्री की संख्या, 10 दिन में हुए 500 बैनामे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sambhal News: त्योहारी सीजन में बढ़ी रजिस्ट्री की संख्या, 10 दिन में हुए 500 बैनामे
Fri, 11 Oct 2024 04:25 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
Updated Fri, 11 Oct 2024 04:25 AM IST
विज्ञापन
संभल। त्योहारी सीजन में जमीन की खरीद फरोख्त बढ़ गई है। संभल रजिस्ट्री कार्यालय में सितंबर माह में जहां 1200 बैनामे हुए थे, वहीं अक्तूबर माह में अभी तक 500 से ज्यादा रजिस्ट्री हो चुकी हैं। माह के अंत तक करीब 2000 तक बैनामे होने की उम्मीद है। सबसे ज्यादा रजिस्ट्री गंगा एक्सप्रेस-वे के आसपास की हो रही हैं।
सितंबर में 45 से 50 रजिस्ट्री प्रतिदिन का आंकड़ा रहता था। अक्तूबर लगते ही 55 से 60 रजिस्ट्री हर दिन हो रही हैं। इस महीने में 1500 से 1600 रजिस्ट्री या इससे भी ज्यादा होने का अनुमान राजस्व के अधिवक्ता लगा रहे हैं। संभल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष व राजस्व के वरिष्ठ अधिवक्ता प्रदीप कुमार गुप्ता ने बताया कि नवरात्र में बैनामें ज्यादा होते हैं। हिंदू समाज में नवरात्र में बैनामा कराने की परंपरा है। बताया कि इकरारनामें भी हर दिन हो रहे हैं। प्रतिदिन 10 से 15 हो जाते हैं। इसमें काफी बैनामें दीवाली के बाद होंगे।
संभल-आदमपुर मार्ग पर बैनामों की संख्या ज्यादा : संभल-आदमपुर मार्ग पर स्थित खिरनी में गंगा एक्सप्रेस-वे का जंक्शन बनना है। इस इलाके में औद्योगिक गलियारा विकसित होना है। इस लिहाज से बैनामें भी इस मार्ग पर ज्यादा हो रहे हैं। जिन लोगों को मुआवजा धनराशि मिली है उन्होंने इसी मार्ग पर संपत्ति एकत्र करनी शुरू कर दी हैं। दूसरे नंबर पर संभल-असमोली मार्ग पर बैनामों की संख्या ज्यादा है। प्लॉट के बैनामे सबसे ज्यादा संभल-असमोली मार्ग पर हो रहे हैं।
विज्ञापन
रक्त संबंधी बैनामों में व्यावसायिक भूमि शामिल नहीं : रक्त संबंधी बैनामों में 5000 रुपये ही खर्च हो रहे हैं। बैनामा कृषि और आवासीय भूमि का हो सकता है लेकिन व्यवसायिक भूमि का बैनामा रक्त संबंधी प्रक्रिया में शामिल नहीं हो सकता।
विज्ञापन
सितंबर में 45 से 50 रजिस्ट्री प्रतिदिन का आंकड़ा रहता था। अक्तूबर लगते ही 55 से 60 रजिस्ट्री हर दिन हो रही हैं। इस महीने में 1500 से 1600 रजिस्ट्री या इससे भी ज्यादा होने का अनुमान राजस्व के अधिवक्ता लगा रहे हैं। संभल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष व राजस्व के वरिष्ठ अधिवक्ता प्रदीप कुमार गुप्ता ने बताया कि नवरात्र में बैनामें ज्यादा होते हैं। हिंदू समाज में नवरात्र में बैनामा कराने की परंपरा है। बताया कि इकरारनामें भी हर दिन हो रहे हैं। प्रतिदिन 10 से 15 हो जाते हैं। इसमें काफी बैनामें दीवाली के बाद होंगे।
विज्ञापन
संभल-आदमपुर मार्ग पर बैनामों की संख्या ज्यादा : संभल-आदमपुर मार्ग पर स्थित खिरनी में गंगा एक्सप्रेस-वे का जंक्शन बनना है। इस इलाके में औद्योगिक गलियारा विकसित होना है। इस लिहाज से बैनामें भी इस मार्ग पर ज्यादा हो रहे हैं। जिन लोगों को मुआवजा धनराशि मिली है उन्होंने इसी मार्ग पर संपत्ति एकत्र करनी शुरू कर दी हैं। दूसरे नंबर पर संभल-असमोली मार्ग पर बैनामों की संख्या ज्यादा है। प्लॉट के बैनामे सबसे ज्यादा संभल-असमोली मार्ग पर हो रहे हैं।
विज्ञापन
रक्त संबंधी बैनामों में व्यावसायिक भूमि शामिल नहीं : रक्त संबंधी बैनामों में 5000 रुपये ही खर्च हो रहे हैं। बैनामा कृषि और आवासीय भूमि का हो सकता है लेकिन व्यवसायिक भूमि का बैनामा रक्त संबंधी प्रक्रिया में शामिल नहीं हो सकता।