{"_id":"61ad0ae5f5477e26a35e6963","slug":"neither-the-road-nor-the-electricity-pole-the-water-supply-line-was-also-left-in-the-middle-sambhal-news-mbd4116805154","type":"story","status":"publish","title_hn":"न सड़क न बिजली के खंभे, जलापूर्ति की लाइन भी बीच में छोड़ी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
न सड़क न बिजली के खंभे, जलापूर्ति की लाइन भी बीच में छोड़ी
विज्ञापन
संभल। नगर पालिका परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या-आठ चौधरी सराय के वांशिदों का हाल बुरा है। यहां मूलभूत सुविधाएं नहीं हैं। सरकारी दावों के ठीक विपरीत आज तक बिजली के खंभे नहीं लग सके हैं। यह बात दीगर है कि लोगों ने खुद ही बांस-बल्लियों के सहारे अपने घरों तक बिजली पहुंचाई है। न सड़क बनी है और नाले-नालियां। पानी के लिए लाइन बिछाने का काम शुरू हुआ पर बीच में रोक दिया गया। लोगों का कहना है कि इन तमाम बातों के साथ सरकारी दावों के विकास की असलियत पहचानी जा सकती है।
नगर पालिका परिषद संभल के वार्ड संख्या-आठ चौधरी सराय का यह वही इलाका है, जहां नगर पालिका परिषद ने लंबे समय तक तहबाजारी के तहत खूब वसूली करके राजस्व कमाया। स्थानीय लोग बताते हैं कि कोई भी किसान जब अपना सामान लेकर किसी वाहन से आता था तो नगर पालिका का कर्मचारी रमन्ना काटता था। उसके बाद ही शहर में प्रवेश करते थे। जिससे खूब राजस्व नगर पालिका को मिलता था। हालांकि करीब तीस साल पहले यह व्यवस्था समाप्त कर दी गई, लेकिन हैरानी इस बात की है कि यहां विकास के लिए कोई ध्यान नहीं दिया।
यहां के लोग आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। मोहल्ले में न सड़क है और बिजली के लिए कोई खंभे। नालियां तक नहीं बनी हैं। पीने के पानी के लिए पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू हुआ, लेकिन बीच में रोक दिया गया। हालांकि लोगों ने अपने खर्चे पर केबिल लगाकर घरों तक बिजली पहुंचाई है। बदहाली के बीच यह लोग रहने को मजबूर हैं।
विज्ञापन
यह बोले लोग
मोहल्ले में बिजली के खंभे नहीं हैं। सड़क नहीं है। पीने के लिए पानी तक का इंतजाम नहीं है। बांस-बल्लियों के सहारे केबल लगाकर घरों तक बिजली पहुंचाई गई है। इससे हर समय हादसे का खतरा बना रहता है। जेई से लेकर उच्च अफसरों तक शिकायत की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो सकी है।
मोहम्मद अजहर, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
मोहल्ले में सफाई की कोई व्यवस्था नही है। सफाई कर्मचारी कभी दिखता ही नहीं है। किसी की तैनाती है या नहीं इस बात का भी कोई पता नहीं है। केवल नाम के लिए हम पालिका क्षेत्र में रह रहे हैं लेकिन सुविधाओं के नाम पर गांवों से भी बुरी हालत है।
मुजम्मिल, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
बारिश के समय में जलभराव हो जाता है। कच्ची सड़क पर पानी के भरने से कीचड़ हो जाती है। नालियों का कोई पता नहीं चलता। बच्चे गिरकर चोटिल हो जाते हैं। पालिकाध्यक्ष के पति आए थे। आश्वासन देकर चले गए, लेकिन आज तक कोई कार्य नहीं हो सका है।
मोहम्मद अकरम, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
बहुत समय पहले यहां चुग्गी लगती थी। नगर पालिका का कर्मचारी रमन्ना काटकर शुल्क वसूलता था। जिससे नगर पालिका को खूब कमाई होती थी, लेकिन अफसोस विकास कार्यों की तरफ यहां कोई ध्यान नहीं दिया गया। किसी से भी कोई शिकायत कर लो कोई सुनवाई नहीं होती है।
मकबूल हुसैन, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
शहर को सुंदर बनाने के प्रयास में लगे हुए हैं। जहां जो भी दिक्कत है उसका समाधान कराने का प्रयास किया जा रहा है। दिसंबर माह के अंत तक बहुत कुछ बदलाव होगा। नगर पालिका क्षेत्रों में विकास कार्यों की रूपरेखा तैयार है। बस काम होने बाकी है।
रामपाल यादव, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद, संभल
विज्ञापन
नगर पालिका परिषद संभल के वार्ड संख्या-आठ चौधरी सराय का यह वही इलाका है, जहां नगर पालिका परिषद ने लंबे समय तक तहबाजारी के तहत खूब वसूली करके राजस्व कमाया। स्थानीय लोग बताते हैं कि कोई भी किसान जब अपना सामान लेकर किसी वाहन से आता था तो नगर पालिका का कर्मचारी रमन्ना काटता था। उसके बाद ही शहर में प्रवेश करते थे। जिससे खूब राजस्व नगर पालिका को मिलता था। हालांकि करीब तीस साल पहले यह व्यवस्था समाप्त कर दी गई, लेकिन हैरानी इस बात की है कि यहां विकास के लिए कोई ध्यान नहीं दिया।
विज्ञापन
यहां के लोग आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। मोहल्ले में न सड़क है और बिजली के लिए कोई खंभे। नालियां तक नहीं बनी हैं। पीने के पानी के लिए पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू हुआ, लेकिन बीच में रोक दिया गया। हालांकि लोगों ने अपने खर्चे पर केबिल लगाकर घरों तक बिजली पहुंचाई है। बदहाली के बीच यह लोग रहने को मजबूर हैं।
विज्ञापन
यह बोले लोग
मोहल्ले में बिजली के खंभे नहीं हैं। सड़क नहीं है। पीने के लिए पानी तक का इंतजाम नहीं है। बांस-बल्लियों के सहारे केबल लगाकर घरों तक बिजली पहुंचाई गई है। इससे हर समय हादसे का खतरा बना रहता है। जेई से लेकर उच्च अफसरों तक शिकायत की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो सकी है।
मोहम्मद अजहर, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
मोहल्ले में सफाई की कोई व्यवस्था नही है। सफाई कर्मचारी कभी दिखता ही नहीं है। किसी की तैनाती है या नहीं इस बात का भी कोई पता नहीं है। केवल नाम के लिए हम पालिका क्षेत्र में रह रहे हैं लेकिन सुविधाओं के नाम पर गांवों से भी बुरी हालत है।
मुजम्मिल, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
बारिश के समय में जलभराव हो जाता है। कच्ची सड़क पर पानी के भरने से कीचड़ हो जाती है। नालियों का कोई पता नहीं चलता। बच्चे गिरकर चोटिल हो जाते हैं। पालिकाध्यक्ष के पति आए थे। आश्वासन देकर चले गए, लेकिन आज तक कोई कार्य नहीं हो सका है।
मोहम्मद अकरम, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
बहुत समय पहले यहां चुग्गी लगती थी। नगर पालिका का कर्मचारी रमन्ना काटकर शुल्क वसूलता था। जिससे नगर पालिका को खूब कमाई होती थी, लेकिन अफसोस विकास कार्यों की तरफ यहां कोई ध्यान नहीं दिया गया। किसी से भी कोई शिकायत कर लो कोई सुनवाई नहीं होती है।
मकबूल हुसैन, चौधरी सराय वार्ड संख्या-आठ के निवासी
शहर को सुंदर बनाने के प्रयास में लगे हुए हैं। जहां जो भी दिक्कत है उसका समाधान कराने का प्रयास किया जा रहा है। दिसंबर माह के अंत तक बहुत कुछ बदलाव होगा। नगर पालिका क्षेत्रों में विकास कार्यों की रूपरेखा तैयार है। बस काम होने बाकी है।
रामपाल यादव, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद, संभल